IPL – आचार संहिता उल्लंघन पर कीरोन पोलार्ड पर लगा जुर्माना
IPL – आईपीएल में मुंबई इंडियंस के बल्लेबाजी कोच कीरोन पोलार्ड पर आचार संहिता के उल्लंघन को लेकर कार्रवाई की गई है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने उन पर मैच फीस का 15 प्रतिशत जुर्माना लगाया है। इसके साथ ही उनके खाते में एक डिमेरिट अंक भी जोड़ा गया है।

यह मामला आईपीएल की आचार संहिता के अनुच्छेद 2.3 के तहत दर्ज किया गया है, जो मैच के दौरान सार्वजनिक रूप से अनुचित भाषा के इस्तेमाल से संबंधित है। घटना पंजाब किंग्स और मुंबई इंडियंस के बीच खेले गए मुकाबले के दौरान हुई थी।
चौथे अंपायर से बहस के बाद हुई कार्रवाई
आईपीएल की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, दूसरी पारी के 19वें ओवर के दौरान कीरोन पोलार्ड की चौथे अंपायर के साथ बहस हुई। इसी दौरान कथित तौर पर उन्होंने आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया, जिसके बाद मामला मैच रेफरी के पास पहुंचा।
बयान में कहा गया कि पोलार्ड ने अपनी गलती स्वीकार कर ली है और मैच रेफरी पंकज धर्माणी द्वारा दी गई सजा को मान लिया है। इसी कारण मामले में आगे किसी औपचारिक सुनवाई की जरूरत नहीं पड़ी।
मुंबई इंडियंस ने दर्ज की शानदार जीत
मैदान पर मुकाबले की बात करें तो मुंबई इंडियंस ने पंजाब किंग्स के खिलाफ दमदार प्रदर्शन किया। टीम ने छह विकेट से जीत दर्ज करते हुए सीजन के अंतिम चरण में मजबूत प्रदर्शन जारी रखा।
हालांकि मुंबई इंडियंस पहले ही प्लेऑफ की दौड़ से बाहर हो चुकी है, लेकिन टीम ने अपने प्रदर्शन से मुकाबले को रोमांचक बना दिया। बल्लेबाज तिलक वर्मा ने शानदार पारी खेलते हुए नाबाद 75 रन बनाए। उन्होंने 33 गेंदों की अपनी पारी में कई आकर्षक शॉट लगाए और टीम को जीत तक पहुंचाया।
पंजाब किंग्स की बढ़ीं मुश्किलें
दूसरी ओर पंजाब किंग्स के लिए यह हार चिंता बढ़ाने वाली साबित हुई। टीम लगातार पांचवां मुकाबला हार गई है, जिससे प्लेऑफ की राह मुश्किल होती नजर आ रही है।
पंजाब ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 200 रन का बड़ा स्कोर खड़ा किया था, लेकिन गेंदबाज इस लक्ष्य का बचाव नहीं कर सके। अब टीम के पास लीग चरण में सिर्फ दो मुकाबले बचे हैं और आगे की राह पूरी तरह जीत पर निर्भर हो गई है।
अगले मैचों पर टिकी निगाहें
पंजाब किंग्स को अब अपने बाकी मुकाबलों में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और लखनऊ की टीमों का सामना करना है। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि टीम को प्लेऑफ की उम्मीद बनाए रखने के लिए दोनों मैचों में बेहतर प्रदर्शन करना होगा।
उधर मुंबई इंडियंस की टीम भले ही अंतिम चार की दौड़ से बाहर हो चुकी हो, लेकिन युवा खिलाड़ियों के प्रदर्शन ने टीम प्रबंधन को भविष्य के लिए सकारात्मक संकेत जरूर दिए हैं।