WestBengalPolitics – चुनाव बाद हिंसा पर ओम प्रकाश राजभर का बयान
WestBengalPolitics – पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव परिणाम आने के बाद राज्य में सामने आ रही हिंसा की घटनाओं को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। उत्तर प्रदेश सरकार में पंचायतीराज मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी चंद्रनाथ रथ की हत्या पर दुख जताते हुए कहा कि राज्य में कानून व्यवस्था को मजबूत करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जनता ने बदलाव के पक्ष में मतदान किया है और नई सरकार बनने के बाद हालात में सुधार की उम्मीद की जा रही है।

कानून व्यवस्था को लेकर उठे सवाल
ओम प्रकाश राजभर ने बयान जारी कर कहा कि पश्चिम बंगाल में हाल के दिनों में जिस तरह की घटनाएं सामने आई हैं, वे चिंता का विषय हैं। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में राजनीतिक हिंसा की कोई जगह नहीं होनी चाहिए। राजभर के मुताबिक, राज्य में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी होती है।
उन्होंने उत्तर प्रदेश का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां कानून व्यवस्था को लेकर सख्त नीति अपनाई गई और अपराध नियंत्रण पर विशेष ध्यान दिया गया। उनका कहना था कि पश्चिम बंगाल में भी लोगों को सुरक्षित माहौल मिलना चाहिए।
चंद्रनाथ रथ की हत्या के बाद बढ़ा तनाव
गौरतलब है कि बुधवार रात उत्तर 24 परगना जिले के मध्यग्राम इलाके में भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना के बाद राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई।
पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है, जबकि भाजपा ने इसे राजनीतिक साजिश बताते हुए तृणमूल कांग्रेस पर आरोप लगाए हैं। हालांकि सत्तारूढ़ दल की ओर से इन आरोपों पर आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
शुभेंदु अधिकारी ने भी जताई प्रतिक्रिया
घटना के बाद शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि राज्य में राजनीतिक हिंसा स्वीकार नहीं की जा सकती। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की और कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।
राजनीतिक हलकों में इस बयान को आने वाले दिनों की राजनीतिक रणनीति से भी जोड़कर देखा जा रहा है। चुनाव परिणामों के बाद विभिन्न दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर लगातार जारी है।
पूर्व वायुसेना कर्मी थे चंद्रनाथ रथ
चंद्रनाथ रथ लंबे समय तक भारतीय वायुसेना में सेवाएं दे चुके थे। इसके बाद वे सक्रिय रूप से शुभेंदु अधिकारी की राजनीतिक टीम से जुड़े और उनके करीबी सहयोगियों में शामिल हो गए। राजनीतिक कार्यक्रमों और संगठनात्मक गतिविधियों में उनकी सक्रिय भूमिका मानी जाती थी।
करीबी सूत्रों के मुताबिक, रथ को अधिकारी का भरोसेमंद सहयोगी माना जाता था और वे लंबे समय से उनके साथ काम कर रहे थे। उनकी हत्या के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं में नाराजगी देखी जा रही है।
चुनाव के बाद कई इलाकों से आई हिंसा की खबरें
पश्चिम बंगाल में चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद विभिन्न जिलों से हिंसा और टकराव की घटनाएं सामने आई हैं। अलग-अलग राजनीतिक दलों ने एक-दूसरे पर अपने कार्यकर्ताओं को निशाना बनाने के आरोप लगाए हैं।
प्रशासन की ओर से कहा गया है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि हिंसा में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।