EmploymentCrisis – रोजगार के मुद्दे पर कांग्रेस का केंद्र सरकार पर तीखा हमला
EmploymentCrisis – केंद्र सरकार की आर्थिक और रोजगार नीतियों को लेकर कांग्रेस ने मंगलवार को एक बार फिर सवाल उठाए। पार्टी का आरोप है कि मौजूदा नीतियों के कारण देश का रोजगार बाजार गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहा है। कांग्रेस ने कहा कि युवाओं की सबसे बड़ी प्राथमिकता रोजगार है और इस दिशा में ठोस कदम उठाए जाने की आवश्यकता है।

जयराम रमेश ने साझा की रिपोर्ट
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक मीडिया रिपोर्ट का हवाला देते हुए सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। रिपोर्ट में दावा किया गया था कि देश की कई बड़ी सूचीबद्ध कंपनियों में नई भर्तियों की गति पहले की तुलना में धीमी हुई है। इसी रिपोर्ट के आधार पर कांग्रेस ने रोजगार के अवसरों में कमी आने का मुद्दा उठाया।
भर्ती के आंकड़ों का दिया हवाला
रिपोर्ट के अनुसार, सेंसेक्स-30 में शामिल 11 प्रमुख कंपनियों में वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान नई नियुक्तियों की संख्या वित्त वर्ष 2023-24 की तुलना में लगभग 27 प्रतिशत कम रही। जयराम रमेश ने कहा कि यदि देश की बड़ी कंपनियों में भर्ती की रफ्तार घट रही है, तो यह रोजगार बाजार की स्थिति पर गंभीर संकेत देता है।
आर्थिक नीतियों पर उठाए सवाल
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि मौजूदा आर्थिक नीतियों का सबसे अधिक असर युवाओं पर पड़ा है। उन्होंने कहा कि पार्टी लंबे समय से रोजगार से जुड़े मुद्दों को उठा रही है और अब सामने आ रहे आंकड़े भी उसी दिशा की ओर संकेत करते हैं। उनके अनुसार, रोजगार से जुड़ी चुनौतियों को स्वीकार कर समाधान तलाशना समय की मांग है।
एमएसएमई क्षेत्र को लेकर भी जताई चिंता
जयराम रमेश ने कहा कि यदि बड़ी कंपनियों में भर्ती प्रभावित हो रही है, तो छोटे और मझोले उद्योगों (MSME) की स्थिति का भी गंभीरता से आकलन किया जाना चाहिए। उनका दावा है कि यह क्षेत्र पहले से ही कई चुनौतियों का सामना कर रहा है और रोजगार सृजन में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका होने के कारण इस पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है।
युवाओं के रोजगार को बताया सबसे बड़ा मुद्दा
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि सरकार रोजगार संकट के समाधान की बजाय अन्य मुद्दों पर अधिक ध्यान दे रही है। जयराम रमेश ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया सोशल मीडिया वीडियो का उल्लेख करते हुए कहा कि युवाओं की अपेक्षा केवल प्रचार से पूरी नहीं होगी। उन्होंने कहा कि देश के युवा रोजगार और बेहतर अवसर चाहते हैं तथा इस दिशा में ठोस नीतिगत पहल आवश्यक है।
फिलहाल केंद्र सरकार की ओर से कांग्रेस के इन आरोपों पर इस खबर के प्रकाशित होने तक कोई नई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। रोजगार और आर्थिक नीतियों को लेकर राजनीतिक बहस लगातार जारी है।