CommercialLPG – कमर्शियल गैस सिलिंडर सस्ता, एटीएफ महंगा, आज से लागू हुईं नई दरें
CommercialLPG – महीने की शुरुआत के साथ तेल विपणन कंपनियों ने व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडर और एविएशन टर्बाइन फ्यूल (एटीएफ) की नई कीमतें जारी कर दी हैं। शनिवार से लागू संशोधित दरों के तहत 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलिंडर के दाम में 192 रुपये तक की कटौती की गई है। दूसरी ओर, विमान ईंधन यानी एटीएफ की कीमत में लगभग 5 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी हुई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में ऊर्जा उत्पादों की कीमतों में आए बदलाव के आधार पर यह संशोधन किया गया है।

दिल्ली और कोलकाता में घटे कमर्शियल सिलिंडर के दाम
तेल कंपनियों की ओर से जारी नई दरों के अनुसार, दिल्ली में 19 किलोग्राम वाला कमर्शियल एलपीजी सिलिंडर अब 2,738 रुपये में उपलब्ध होगा, जबकि पहले इसकी कीमत 2,930 रुपये थी। समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, कोलकाता में इस श्रेणी के सिलिंडर की कीमत में 209 रुपये की कमी की गई है, जिसके बाद नई कीमत 2,872.50 रुपये हो गई है। यह लगातार दूसरा महीना है जब व्यावसायिक गैस सिलिंडर की कीमतों में कटौती की गई है। इससे पहले 1 जुलाई को भी इस श्रेणी के सिलिंडर के दाम कम किए गए थे।
होटल और रेस्तरां कारोबार को मिल सकती है राहत
कमर्शियल एलपीजी की कीमतों में आई कमी का सीधा लाभ होटल, रेस्तरां, ढाबों, कैंटीन और चाय-नाश्ते के व्यवसाय से जुड़े लोगों को मिलने की उम्मीद है। इन प्रतिष्ठानों में बड़े पैमाने पर 19 किलोग्राम वाले सिलिंडर का उपयोग होता है। लगातार दूसरे महीने दाम घटने से परिचालन लागत में कुछ कमी आ सकती है, जिससे छोटे कारोबारियों को भी राहत मिलने की संभावना है।
घरेलू एलपीजी सिलिंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं
इस बार 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलिंडर की कीमतों में कोई संशोधन नहीं किया गया है। उपभोक्ताओं को पहले की तरह ही गैस सिलिंडर मिलेगा। वर्तमान दरों के अनुसार, दिल्ली में घरेलू एलपीजी सिलिंडर 942 रुपये, कोलकाता में 968 रुपये, मुंबई में 941.50 रुपये और चेन्नई में 957.50 रुपये में उपलब्ध है। घरेलू गैस की कीमतों में पिछला बदलाव जून महीने में किया गया था।
एटीएफ महंगा, अंतरराष्ट्रीय बाजार का दिखा असर
कमर्शियल गैस के दाम घटने के साथ ही एविएशन टर्बाइन फ्यूल की कीमतों में वृद्धि दर्ज की गई है। नई दरों के अनुसार एटीएफ की कीमत लगभग 110 रुपये प्रति लीटर से बढ़कर 115 रुपये प्रति लीटर हो गई है। इससे पहले जुलाई में एटीएफ की कीमतों में कमी की गई थी, लेकिन ताजा संशोधन के बाद वह राहत समाप्त हो गई है। विशेषज्ञों के अनुसार, ईंधन की कीमतों की मासिक समीक्षा अंतरराष्ट्रीय बाजार की स्थिति और विदेशी मुद्रा विनिमय दरों को ध्यान में रखकर की जाती है। अलग-अलग राज्यों में वैट और अन्य स्थानीय करों के कारण अंतिम कीमतों में अंतर हो सकता है।