School Shooting – बैंकॉक के स्कूल में फायरिंग से छह की हुई मौत, छात्र पर लगा हमला करने का आरोप
School Shooting – थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक से सटे नोनथाबुरी जिले के एक विद्यालय में शुक्रवार सुबह हुई गोलीबारी ने पूरे देश को झकझोर दिया। अधिकारियों के अनुसार, इस घटना में तीन शिक्षकों और तीन छात्रों समेत कुल छह लोगों की जान चली गई, जबकि कई अन्य घायल हुए हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हमले का आरोपी एक छात्र था, जिसने बाद में कथित रूप से खुद को भी गोली मार ली। पुलिस पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जांच कर रही है।

घटना के दौरान स्कूल में मची अफरा-तफरी
स्थानीय प्रशासन के मुताबिक, गोलीबारी की घटना सुबह करीब 10 बजे देबसिरिन स्कूल परिसर में हुई। जैसे ही गोलियों की आवाज गूंजी, स्कूल में मौजूद छात्र और शिक्षक सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। आपातकालीन सेवाओं को सूचना मिलते ही राहत और बचाव दल मौके पर पहुंच गया। पुलिस ने तत्काल पूरे परिसर को घेरकर स्थिति को नियंत्रण में लिया और घायलों को अस्पताल भेजा।
शुरुआती जांच में क्या जानकारी मिली
स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इस हमले में करीब 15 लोग घायल हुए हैं, जिनमें दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस का कहना है कि हमलावर की मंशा का अभी पता नहीं चल सका है। शुरुआती जांच में यह भी संकेत मिले हैं कि इस्तेमाल किया गया हथियार परिवार के किसी सदस्य का हो सकता है। कुछ रिपोर्टों में यह दावा भी किया गया है कि स्कूल पहुंचने से पहले आरोपी ने अपने दादा-दादी पर भी गोली चलाई थी। हालांकि, इन दावों की आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही की जाएगी।
प्रशासन ने सोशल मीडिया को लेकर की अपील
घटना के बाद सोशल मीडिया पर कई वीडियो और तस्वीरें तेजी से साझा होने लगीं। सुरक्षा एजेंसियों ने लोगों से अपील की है कि बिना पुष्टि वाले वीडियो या घटना का लाइव प्रसारण साझा न करें, ताकि जांच प्रभावित न हो और पीड़ितों की निजता बनी रहे। स्कूल परिसर से छात्रों को सुरक्षित बाहर निकाला गया और पूरे इलाके में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए।
प्रधानमंत्री ने जताया शोक, जांच के दिए निर्देश
थाईलैंड के प्रधानमंत्री अनुतिन चर्नविराकुल ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को घायलों के समुचित उपचार और प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गोलीबारी के दौरान कई छात्र कक्षाओं में छिप गए थे और बाद में पुलिस ने उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला।
पहले भी सामने आ चुकी हैं ऐसी घटनाएं
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब कुछ महीने पहले फरवरी में भी थाईलैंड के एक अन्य स्कूल में गोलीबारी हुई थी, जिसमें एक शिक्षक की मौत हो गई थी और एक छात्र घायल हुआ था। विशेषज्ञों का मानना है कि देश में निजी हथियारों की बड़ी संख्या और हथियारों तक आसान पहुंच सुरक्षा व्यवस्था के लिए लगातार चुनौती बनी हुई है। इसी कारण सरकार पर हथियार नियंत्रण संबंधी कानूनों को और प्रभावी बनाने का दबाव बढ़ता जा रहा है।