उत्तराखण्ड

Administration – पीडब्ल्यूडी तबादला सूची में फिर दिखा दिवंगत कर्मचारी का नाम, उठे सवाल…

Administration – उत्तराखंड के लोक निर्माण विभाग (PWD) की हालिया तबादला सूची को लेकर प्रशासनिक स्तर पर सवाल खड़े हो गए हैं। विभाग की ओर से जारी स्थानांतरण आदेश में ऐसे कर्मचारी का नाम शामिल किया गया, जिनका निधन वर्ष 2024 में हो चुका है। यह मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि इसी कर्मचारी का नाम पिछले वर्ष की स्थानांतरण सूची में भी दर्ज किया गया था। लगातार दूसरी बार हुई इस त्रुटि ने विभागीय रिकॉर्ड के रखरखाव और स्थानांतरण प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

दिवंगत कर्मचारी का नाम फिर आया सूची में

एक जुलाई को जारी स्थानांतरण सूची में कनिष्ठ सहायक सुरेंद्र सिंह का तबादला थराली से रुद्रपुर दर्शाया गया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उनका 28 अप्रैल 2024 को निधन हो चुका था। निधन के बाद उनकी पत्नी को मृतक आश्रित के रूप में विभाग में नियुक्ति भी मिल चुकी है। इसके बावजूद उनका नाम नई सूची में शामिल होने से विभाग की रिकॉर्ड प्रणाली पर गंभीर प्रश्न उठ रहे हैं।

विभाग को पहले ही दी जा चुकी थी जानकारी

बताया गया है कि संबंधित कार्यालय ने कर्मचारी के निधन की सूचना विभागाध्यक्ष कार्यालय को कई बार लिखित रूप में भेजी थी। इसके अलावा मौखिक रूप से भी अधिकारियों को इस संबंध में अवगत कराया गया था। इसके बावजूद सेवा अभिलेख समय पर अपडेट नहीं किए गए। विभागीय रिकॉर्ड में आवश्यक संशोधन नहीं होने के कारण यह त्रुटि लगातार दूसरे वर्ष भी दोहराई गई।

कर्मचारी संगठन ने जताई नाराजगी

उत्तरांचल लोक निर्माण विभाग मिनिस्ट्रीयल एसोसिएशन ने इस मामले पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। संगठन के प्रांतीय महामंत्री आनंद सिंह पुजारी ने इसे विभागीय उदासीनता का उदाहरण बताते हुए कहा कि बार-बार सूचना मिलने के बावजूद ऐसी गलती होना गंभीर विषय है। उनके अनुसार इससे स्थानांतरण प्रक्रिया की पारदर्शिता और प्रशासनिक जवाबदेही पर भी सवाल खड़े होते हैं।

जांच और जवाबदेही की मांग

कर्मचारी संगठन ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। साथ ही यह भी कहा है कि यदि लापरवाही के लिए कोई अधिकारी या कर्मचारी जिम्मेदार पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए। संगठन का कहना है कि भविष्य में इस तरह की त्रुटियों से बचने के लिए सेवा अभिलेखों को नियमित रूप से अद्यतन करने की प्रभावी व्यवस्था बनाई जानी चाहिए।

विभाग ने संशोधन का दिया आश्वासन

लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों का कहना है कि कर्मचारियों का विवरण संबंधित इकाइयों से Human Resource Management प्रणाली के माध्यम से प्राप्त होता है। विभाग का कहना है कि यदि किसी स्तर पर रिकॉर्ड में त्रुटि रह गई है तो उसका परीक्षण कर आवश्यक संशोधन किया जाएगा। अधिकारियों ने संकेत दिया है कि मामले की जानकारी मिलने के बाद रिकॉर्ड की समीक्षा की जाएगी ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने।

Back to top button

Adblock Detected

Please disable your AdBlocker first, and then you can watch everything easily.