WeatherAlert – पश्चिमी विक्षोभ से यूपी में बदला मौसम, कई जिलों में हुई बारिश
WeatherAlert – उत्तर प्रदेश में रविवार को मौसम ने अचानक करवट ले ली। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राज्य के कई हिस्सों में बादल छा गए और हल्की बारिश के साथ तेज हवाएं चलीं। सुबह के समय कई जिलों में धूलभरी आंधी के बाद बूंदाबांदी हुई, जिससे कुछ देर के लिए आसमान घने बादलों से ढक गया। पश्चिमी और तराई क्षेत्रों में इस बदलाव का सबसे अधिक असर देखा गया। राजधानी लखनऊ सहित करीब 15 शहरों में तेज हवा के साथ हल्की बारिश दर्ज की गई, जिससे तापमान में गिरावट आई और लोगों को गर्मी से कुछ राहत मिली।

पश्चिमी जिलों में बारिश और तेज हवाएं
प्रदेश के पश्चिमी हिस्सों में रविवार को मौसम काफी सक्रिय रहा। मुजफ्फरनगर, मेरठ और बिजनौर जैसे जिलों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। वहीं राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र से सटे गाजियाबाद और नोएडा में भी तेज हवाओं के साथ बारिश हुई।
मौसम विभाग के अनुसार बारिश के दौरान कई जिलों में हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक दर्ज की गई। इस कारण कुछ स्थानों पर धूलभरी आंधी भी चली। मुजफ्फरनगर में सबसे अधिक 8.2 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जबकि मेरठ में 5.1 मिलीमीटर बारिश हुई। इसके अलावा बरेली में 2.5 मिलीमीटर और बिजनौर में लगभग 2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई।
कई जिलों में बूंदाबांदी का दौर
तराई क्षेत्र के कई जिलों में भी हल्की बूंदाबांदी देखने को मिली। हालांकि अधिकांश जगहों पर बारिश ज्यादा देर तक नहीं चली, लेकिन मौसम में बदलाव स्पष्ट रूप से महसूस किया गया। अचानक बदले मौसम के कारण कई इलाकों में तापमान में कमी आई और उमस से लोगों को कुछ राहत मिली।
मौसम विभाग का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है। इसके चलते आने वाले दिनों में भी मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
किसानों की बढ़ी चिंता
बारिश और तेज हवाओं का असर खेती पर भी दिखाई देने लगा है। कई क्षेत्रों से जानकारी मिली है कि तेज हवा के कारण खेतों में खड़ी फसलें झुक गईं। इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि इस समय कई फसलें पकने की अवस्था में हैं।
हालांकि कुछ किसानों का मानना है कि हल्की बारिश से मिट्टी की नमी बनी रहती है, लेकिन तेज हवा और संभावित ओलावृष्टि से नुकसान की आशंका बनी रहती है। इसलिए किसान आने वाले दिनों के मौसम को लेकर सतर्क हैं।
अगले दो दिन बारिश की संभावना
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के अनुसार सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की बारिश का दौर शुरू हो गया है। उनका कहना है कि अगले दो दिनों तक पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बारिश की संभावना बनी रहेगी।
उन्होंने बताया कि इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश और ओलावृष्टि भी हो सकती है। इसके अलावा 19 मार्च के आसपास एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है, जिससे मौसम में फिर बदलाव आ सकता है।
इन जिलों में ओलावृष्टि की आशंका
मौसम विभाग ने पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में ओले गिरने की संभावना जताई है। जिन जिलों में यह संभावना बताई गई है उनमें आजमगढ़, मऊ, बलिया, देवरिया, गोरखपुर, संत कबीर नगर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज और सिद्धार्थनगर शामिल हैं।
इसके अलावा गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर और अंबेडकर नगर के आसपास के क्षेत्रों में भी मौसम विभाग ने ओलावृष्टि की आशंका व्यक्त की है।
कई जिलों में वज्रपात की चेतावनी
मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में वज्रपात की भी चेतावनी जारी की है। जिन क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना जताई गई है उनमें प्रतापगढ़, वाराणसी, भदोही, जौनपुर और गाजीपुर शामिल हैं।
इसके अलावा लखनऊ, बाराबंकी, रायबरेली, अमेठी, सुल्तानपुर, अयोध्या और सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, मुरादाबाद, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, संभल और बदायूं समेत कई जिलों में भी मौसम विभाग ने सतर्क रहने की सलाह दी है। अधिकारियों ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है।