Devdutt Padikkal – शतक से नंबर-3 की दावेदारी मजबूत, कोटक ने की तारीफ
Devdutt Padikkal – भारतीय टीम के बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने देवदत्त पडिक्कल की बल्लेबाजी की सराहना की है। श्रीलंका क्रिकेट इलेवन के खिलाफ अभ्यास मुकाबले में पडिक्कल ने नाबाद 142 रन की पारी खेलकर अपनी उपयोगिता साबित की। उन्होंने इस दौरान 18 चौके लगाए और भारत की छह विकेट की जीत में अहम योगदान दिया। उनकी इस पारी को श्रीलंका के खिलाफ आगामी टेस्ट श्रृंखला से पहले खास तौर पर देखा जा रहा है, क्योंकि तीसरे क्रम पर जगह को लेकर टीम के सामने विकल्पों पर विचार जारी है।

कोटक ने पडिक्कल की पारी को बताया प्रभावी
सितांशु कोटक ने भारतीय क्रिकेट बोर्ड की ओर से जारी बातचीत में पडिक्कल की बल्लेबाजी की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि बाएं हाथ के इस बल्लेबाज ने जिस तरह लंबी पारी खेली, वह टीम के लिए सकारात्मक संकेत है। पडिक्कल ने पारी के दौरान धैर्य बनाए रखा और खराब गेंदों का फायदा उठाते हुए रन बनाए।
भारत ने मुकाबले के तीसरे दिन अंतिम सत्र में 207 रन का लक्ष्य चार विकेट गंवाकर हासिल कर लिया। इस जीत में पडिक्कल की बड़ी पारी महत्वपूर्ण रही। टेस्ट श्रृंखला से पहले यह अभ्यास मैच भारतीय खिलाड़ियों को परिस्थितियों के अनुरूप ढलने और अपनी लय हासिल करने का मौका देने के लिहाज से उपयोगी रहा।
नंबर-3 के लिए बढ़ी पडिक्कल की दावेदारी
भारतीय टेस्ट टीम में तीसरे क्रम को लेकर स्थिति उस समय और दिलचस्प हो गई, जब इस स्थान के प्रमुख दावेदार बी साई सुदर्शन पैर के अंगूठे की चोट के कारण श्रीलंका के खिलाफ श्रृंखला से बाहर हो गए। ऐसे में टीम प्रबंधन के सामने इस क्रम के लिए उपलब्ध विकल्पों में से सही खिलाड़ी चुनने की चुनौती है।
पडिक्कल ने अभ्यास मैच में बड़ी और नाबाद पारी खेलकर अपनी दावेदारी को मजबूत करने का मौका हासिल किया है। हालांकि अंतिम फैसला टीम प्रबंधन ही करेगा, लेकिन 142 रन की पारी निश्चित रूप से उनके पक्ष में एक मजबूत प्रदर्शन के तौर पर दर्ज हुई है।
नेट अभ्यास से मैच कोटक को ज्यादा उपयोगी लगा
कोटक ने अभ्यास मुकाबले की उपयोगिता पर भी बात की। उनके अनुसार, लगातार कई दिन केवल नेट्स में अभ्यास करने की तुलना में खिलाड़ियों को वास्तविक मैच परिस्थितियों में उतारना ज्यादा फायदेमंद रहा। मुकाबले के दौरान बल्लेबाजों और गेंदबाजों को अलग-अलग परिस्थितियों का सामना करने का अवसर मिला।
उन्होंने बताया कि भारतीय गेंदबाजों ने पूरे मैच में अच्छी तीव्रता दिखाई। टीम ने लगभग सभी खिलाड़ियों को आजमाने की कोशिश की, जबकि गेंदबाजों को भी बल्लेबाजी का मौका मिला। इस तरह मुकाबला टेस्ट श्रृंखला से पहले टीम के लिए समग्र तैयारी का जरिया बना।
गेंदबाजों को मिला पर्याप्त कार्यभार
कोटक के अनुसार, आकिब नबी को छोड़कर, जिन्होंने पांच ओवर किए, भारतीय विशेषज्ञ गेंदबाजों ने लगभग 18 से 20 ओवर गेंदबाजी की। इससे उन्हें मैच जैसी परिस्थितियों में पर्याप्त कार्यभार मिला। बल्लेबाजी के मोर्चे पर भी अधिकांश गेंदबाजों को अपनी क्षमता आजमाने का अवसर दिया गया।
सपाट पिच पर भारतीय तेज गेंदबाजों के प्रदर्शन की भी कोटक ने सराहना की। उन्होंने मोहम्मद सिराज और गुरनूर बरार की निचले क्रम में बल्लेबाजी के दौरान लगाए गए छक्कों को भी टीम के लिए सकारात्मक पहलू बताया।
सरफराज खान टीम के अभ्यास में शामिल हुए
साई सुदर्शन के स्थान पर टीम में शामिल किए गए सरफराज खान सोमवार को भारतीय दल के अभ्यास सत्र का हिस्सा बने। टीम ने एनसीसी मैदान पर अभ्यास किया और बल्लेबाजी समूह के सभी खिलाड़ी सत्र में मौजूद रहे। तेज गेंदबाजी विभाग से आकिब नबी के अलावा अन्य खिलाड़ियों की मौजूदगी को लेकर जानकारी दी गई है।
भारत और श्रीलंका के बीच टेस्ट श्रृंखला का पहला मुकाबला 15 अगस्त से गॉल में खेला जाना है। उससे पहले अभ्यास मैच में पडिक्कल का प्रदर्शन भारतीय टीम प्रबंधन के लिए एक उपयोगी संकेत माना जा सकता है। तीसरे क्रम पर अंतिम चयन को लेकर फैसला अब टीम की रणनीति और परिस्थितियों को ध्यान में रखकर किया जाएगा।