Monsoon – उत्तर प्रदेश में बारिश से बदला मौसम, कई जिलों के लिए जारी हुआ अलर्ट
Monsoon – उत्तर प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मानसून के सक्रिय होने के साथ ही मौसम ने अचानक करवट ले ली है। पिछले कई दिनों से भीषण गर्मी और उमस का सामना कर रहे लोगों को अब राहत महसूस होने लगी है। मंगलवार को राज्य के विभिन्न हिस्सों में हुई बारिश का असर तापमान पर भी साफ दिखाई दिया, जहां कई जिलों में अधिकतम तापमान 5 से 7 डिग्री सेल्सियस तक कम दर्ज किया गया। मौसम में आए इस बदलाव से आम जनजीवन के साथ-साथ कृषि गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद बढ़ी है।

कई जिलों में अच्छी बारिश से बढ़ी राहत
बारिश का असर बरेली, ललितपुर, लखीमपुर खीरी, अयोध्या, अंबेडकरनगर सहित अनेक जिलों में देखने को मिला। कई स्थानों पर दिनभर बादल छाए रहे और रुक-रुककर वर्षा होती रही, जिससे वातावरण पहले की तुलना में काफी सुहावना हो गया। लंबे समय से वर्षा का इंतजार कर रहे किसानों के लिए भी यह बदलाव राहत लेकर आया है। खेतों में पर्याप्त नमी बनने से खरीफ फसलों की बुवाई का कार्य तेज होने की संभावना जताई जा रही है।
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
भारतीय मौसम विभाग ने 1 जुलाई को लेकर प्रदेश के कई हिस्सों के लिए मौसम संबंधी चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार, कुछ जिलों में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जबकि अन्य क्षेत्रों के लिए येलो अलर्ट लागू किया गया है। पूर्वानुमान में तेज हवाएं चलने, गरज-चमक के साथ वर्षा होने और कुछ स्थानों पर आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका व्यक्त की गई है।
पश्चिमी, मध्य और पूर्वी क्षेत्रों पर विशेष नजर
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार पश्चिमी, मध्य और पूर्वी उत्तर प्रदेश के अनेक जिलों में अगले कुछ समय तक मानसून की गतिविधियां सक्रिय बनी रह सकती हैं। इन क्षेत्रों में बीच-बीच में तेज बारिश के दौर देखने को मिल सकते हैं। स्थानीय प्रशासन भी मौसम की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है ताकि आवश्यकता पड़ने पर समय रहते जरूरी कदम उठाए जा सकें।
लोगों से सतर्कता बरतने की अपील
मौसम विभाग ने नागरिकों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से खुले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी है। गरज-चमक और आकाशीय बिजली के समय पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे खड़े न होने तथा सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की गई है। प्रशासन ने भी लोगों से मौसम संबंधी आधिकारिक सूचनाओं पर ध्यान देने और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा है।