SchoolDispute – बाढ़ के स्कूल में शिक्षकों का विवाद बना जांच का विषय
SchoolDispute – पटना जिले के बाढ़ अनुमंडल स्थित दहौर गांव का एक सरकारी हाई स्कूल इन दिनों पढ़ाई से अधिक शिक्षकों के बीच चल रहे विवाद को लेकर चर्चा में है। स्कूल परिसर में आपसी तनातनी, वीडियो रिकॉर्डिंग और आरोप-प्रत्यारोप की घटनाओं ने शिक्षा विभाग की चिंता बढ़ा दी है। मामले के कई वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर भी इस मुद्दे को लेकर चर्चा तेज हो गई है। विभागीय अधिकारियों ने स्कूल पहुंचकर स्थिति की जांच शुरू कर दी है।

ऑफिस में बैठने को लेकर बढ़ा विवाद
जानकारी के अनुसार, स्कूल में माध्यमिक और उच्च माध्यमिक शिक्षकों के बीच लंबे समय से कार्यालय में बैठने की व्यवस्था को लेकर मतभेद चल रहा था। धीरे-धीरे यह विवाद इतना बढ़ गया कि शिक्षक एक-दूसरे की गतिविधियों का वीडियो बनाने लगे। स्कूल में पढ़ाई के दौरान होने वाले इन घटनाक्रमों का असर बच्चों की पढ़ाई और अनुशासन पर भी पड़ने लगा।
बताया जा रहा है कि एक दिन वीडियो रिकॉर्डिंग को लेकर बहस इतनी बढ़ गई कि एक शिक्षक ने अपने सहकर्मी की ओर छड़ी उठा दी। इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है। हालांकि मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर स्थिति को संभाल लिया।
महिला शिक्षकों और छात्राओं से जुड़े आरोप
स्कूल के शिक्षक दीपक कुमार पर पिछले कुछ समय से छात्राओं और महिला शिक्षकों के साथ अनुचित व्यवहार के आरोप लगाए जा रहे हैं। इस मामले की विभागीय जांच पहले से जारी है। आरोप है कि वह स्कूल में पढ़ाने के बजाय अधिक समय कार्यालय में बैठकर अन्य शिक्षकों पर टिप्पणी करते रहते हैं, जिससे माहौल लगातार तनावपूर्ण बना रहता है।
कुछ शिक्षकों का कहना है कि कई बार छात्राओं ने भी उनके व्यवहार को लेकर शिकायत की थी। आरोपों के अनुसार, कुछ छात्राओं को अलग कमरे में पढ़ाने और अनुचित भाषा के इस्तेमाल जैसी बातें भी सामने आई हैं। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
शिक्षक ने दी अपनी सफाई
विवाद में नाम आने के बाद शिक्षक दीपक कुमार ने भी अपनी ओर से सफाई दी है। उनका कहना है कि जिस दिन घटना हुई, उस समय वह अपने कार्य से जुड़े दस्तावेज देख रहे थे। इसी दौरान एक अन्य शिक्षक लगातार उनका वीडियो बना रहे थे, जिससे वह नाराज हो गए। उन्होंने माना कि गुस्से में उन्होंने छड़ी उठाई थी, लेकिन किसी को नुकसान पहुंचाने का उनका इरादा नहीं था।
उन्होंने यह भी कहा कि बहस के दौरान उनसे कुछ अनुचित शब्द निकल गए थे, जिसके लिए उन्होंने बाद में खेद व्यक्त कर दिया। उनके अनुसार, मामले को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है।
शिक्षा विभाग ने शुरू की जांच
प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी अमित कुमार ने बताया कि स्कूल में हुए विवाद का वीडियो उनके संज्ञान में आया था, जिसके बाद उन्होंने स्वयं स्कूल पहुंचकर जांच की। शुरुआती जांच में शिक्षकों के बीच अनुशासनहीन व्यवहार की बात सामने आई है। विभाग अब पूरे मामले की रिपोर्ट जिला शिक्षा कार्यालय को भेज रहा है।
उन्होंने कहा कि किसी भी शिक्षक का व्यवहार छात्रों के सामने आदर्श होना चाहिए। यदि शिक्षक आपसी विवाद और अभद्रता में उलझेंगे तो इसका सीधा असर बच्चों की मानसिकता और पढ़ाई पर पड़ेगा। उन्होंने शिक्षकों से अपील की कि व्यक्तिगत शिकायतों को विभागीय स्तर पर रखें, न कि स्कूल परिसर में विवाद का रूप दें।
पहले भी दर्ज हो चुकी हैं शिकायतें
शिक्षा विभाग के अनुसार, वर्ष 2024 में भी संबंधित शिक्षक के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई थी। उस समय भी सहयोगी शिक्षकों ने व्यवहार से जुड़ी आपत्तियां उठाई थीं। अब दोबारा मामला सामने आने के बाद विभाग इसे गंभीरता से देख रहा है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।