Investigation – खगड़िया में किराये के मकान में मिला महिला अमीन का शव
Investigation– बिहार के खगड़िया जिले में कार्यरत एक महिला अमीन का शव उनके किराये के मकान में फंदे से लटका मिलने से इलाके में शोक और चिंता का माहौल है। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। फिलहाल पुलिस मामले की परिस्थितियों की जांच कर रही है और किसी भी संभावित कारण को लेकर आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

वर्ष 2023 में मिली थी सरकारी नियुक्ति
मृतका कटिहार जिले के समेली थाना क्षेत्र के कोठिया वार्ड संख्या-4, चकला मौला नगर पंचायत की निवासी थीं। उन्होंने वर्ष 2023 में अमीन भर्ती परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद सरकारी सेवा में प्रवेश किया था। परिजनों के अनुसार वह अपने परिवार की सबसे बड़ी संतान थीं। उनके पिता खेती के साथ टेंट और डेकोरेशन का व्यवसाय भी करते हैं। परिवार में एक छोटा भाई है, जो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा है, जबकि छोटी बहन इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रही है।
सूचना मिलते ही प्रशासनिक अधिकारी पहुंचे
घटना की जानकारी मिलने के बाद कई वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। गोगरी एसडीओ संजय कुमार, डीसीएलआर राजकुमार, गोगरी एसडीपीओ चंदन कुमार ठाकुर, अंचल अधिकारी आमिर हुसैन और गोगरी थानाध्यक्ष अरविंद कुमार ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने मौके से उपलब्ध तथ्यों का जायजा लिया और जांच को सभी पहलुओं से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए।
विशेष जांच टीम और FSL की ली जा रही मदद
पुलिस अधीक्षक भानु प्रताप सिंह ने बताया कि मामले की गहन जांच के लिए गोगरी एसडीपीओ चंदन कुमार ठाकुर के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया है। साथ ही वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के उद्देश्य से FSL टीम को भी जांच में शामिल किया गया है। घटनास्थल से प्राप्त सामग्री और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों का परीक्षण कराया जा रहा है ताकि मामले की वास्तविक परिस्थितियों का पता लगाया जा सके।
सभी पहलुओं की हो रही है विस्तृत पड़ताल
पुलिस के अनुसार फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि घटना किन परिस्थितियों में हुई। जांच टीम मृतका के व्यक्तिगत, पारिवारिक और पेशेवर जीवन से जुड़े विभिन्न पहलुओं की पड़ताल कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, डिजिटल साक्ष्य और अन्य तकनीकी जानकारियों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने से पहले किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। अधिकारियों ने अपील की है कि मामले को लेकर केवल आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा किया जाए और किसी भी प्रकार की अपुष्ट जानकारी या अटकलों से बचा जाए।