GasDelivery – राजधानी में गैस सिलिंडर आपूर्ति पर सवाल, बिना डिलीवरी दर्ज होने की शिकायत
GasDelivery – राजधानी में रसोई गैस की आपूर्ति को लेकर उपभोक्ताओं की परेशानियां लगातार सामने आ रही हैं। कई उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया है कि बुक किए गए सिलिंडर समय पर नहीं पहुंच रहे हैं, जबकि ऑनलाइन रिकॉर्ड में उनकी डिलीवरी दर्ज कर दी जाती है। हाल ही में ऐसा ही एक मामला सामने आया है, जिसमें एक ग्राहक ने बिना सिलिंडर मिले ही सिस्टम में डिलीवरी दिखाए जाने की शिकायत की है। शिकायत सामने आने के बाद संबंधित गैस एजेंसी ने मामले की जांच का आश्वासन दिया है और ग्राहक को सिलिंडर उपलब्ध कराने की बात कही है।

बुकिंग के बावजूद नहीं मिला सिलिंडर
हजरतगंज क्षेत्र के तिलक मार्ग स्थित सिकंदरनगर के निवासी अशोक कुमार गुप्ता ने बताया कि उन्होंने दो मार्च को भारत गैस के ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से सिलिंडर बुक कराया था। कई दिन बीत जाने के बाद भी जब सिलिंडर उनके घर नहीं पहुंचा तो उन्होंने कंपनी के हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क किया।
हेल्पलाइन से मिली जानकारी ने उन्हें चौंका दिया। कंपनी के रिकॉर्ड में उनके सिलिंडर की डिलीवरी पहले ही दर्ज दिखाई जा रही थी। जबकि वास्तव में उन्हें कोई सिलिंडर नहीं मिला था। इस स्थिति से परेशान होकर उन्होंने गैस एजेंसी से संपर्क कर मामले की जानकारी ली।
एजेंसी पहुंचने पर सामने आई नई जानकारी
अशोक कुमार गुप्ता ने बताया कि छह मार्च को जब वह संबंधित गैस एजेंसी पहुंचे तो वहां उन्हें बताया गया कि तकनीकी कारणों से उनकी बुकिंग पूरी तरह दर्ज नहीं हो पाई थी। इस जवाब पर उन्होंने सवाल उठाया कि यदि बुकिंग ही दर्ज नहीं हुई थी, तो फिर सिस्टम में डिलीवरी कैसे दिखा दी गई।
इसके बाद उन्होंने एजेंसी में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई। शिकायत दर्ज होने के बाद एजेंसी की ओर से उन्हें शनिवार को शक्तिनगर स्थित कार्यालय में बुलाया गया है और सिलिंडर उपलब्ध कराने का भरोसा दिया गया है।
ग्राहकों ने लगाया सिलिंडर की हेराफेरी का आरोप
अशोक कुमार गुप्ता का कहना है कि उन्हें आशंका है कि उनका सिलिंडर कहीं और बेच दिया गया होगा और रिकॉर्ड में फर्जी तरीके से डिलीवरी दर्ज कर दी गई। उनका कहना है कि इस तरह की गतिविधियों से आम उपभोक्ताओं को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
कुछ अन्य उपभोक्ताओं ने भी बताया कि शहर के कई इलाकों में इसी तरह की शिकायतें सामने आ रही हैं। लोगों का कहना है कि सिलिंडर बुक करने के बाद भी उन्हें समय पर आपूर्ति नहीं मिलती, जबकि रिकॉर्ड में डिलीवरी पूरी दिखा दी जाती है।
कई इलाकों में उपभोक्ताओं की बढ़ी परेशानी
डालीगंज, दुबग्गा और सीतापुर रोड क्षेत्र के कुछ उपभोक्ताओं ने बताया कि जब वे एजेंसी पर बुक किए गए सिलिंडर के बारे में जानकारी लेने पहुंचे तो उन्हें आश्वासन दिया गया कि सिलिंडर घर पर पहुंचा दिया जाएगा। हालांकि बाद में न तो सिलिंडर घर पहुंचा और न ही एजेंसी की ओर से स्पष्ट जानकारी दी गई।
इन उपभोक्ताओं का कहना है कि कुछ मामलों में डिलीवरीमैन सिलिंडर दिए बिना ही रिकॉर्ड में डिलीवरी दर्ज करा देते हैं। सूत्रों के अनुसार एजेंसियों पर दर्ज शिकायतों को देखें तो लगभग 15 प्रतिशत सिलिंडरों को लेकर इस तरह की शिकायतें सामने आ रही हैं।
बताया जा रहा है कि कुछ सिलिंडरों की डिलीवरी में ओटीपी सत्यापन अनिवार्य नहीं होता। इसी व्यवस्था का लाभ उठाकर कुछ डिलीवरीकर्मी कथित रूप से सिलिंडरों की कालाबाजारी कर रहे हैं।
कुछ एजेंसियों पर आपूर्ति में देरी की शिकायत
राजाजीपुरम क्षेत्र के सी ब्लॉक में स्थित एक गैस एजेंसी को लेकर भी उपभोक्ताओं ने आपूर्ति में देरी की शिकायत की है। यहां के निवासी दीपक तिवारी ने बताया कि उन्होंने चार दिन पहले गैस बुक की थी, लेकिन अभी तक सिलिंडर नहीं मिला।
उन्होंने कहा कि एजेंसी से संपर्क करने पर भी कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया गया। इसी तरह शाहगंज, नक्खास और चौक इलाके के कुछ लोगों ने बताया कि कई दिनों से गैस बुक करने में भी परेशानी आ रही है।
सर्वर व्यवस्था में बदलाव की जानकारी
इंडियन ऑयल कंपनी के राज्य समन्वयक संजय भंडारी ने बताया कि गैस बुकिंग से जुड़े सर्वर को अब व्यवस्थित कर दिया गया है। उनके अनुसार अब पहले की तरह गैस बुकिंग की प्रक्रिया सामान्य रूप से चल सकेगी।
उन्होंने बताया कि अब बुकिंग का पुष्टि संदेश तुरंत नहीं भेजा जाएगा। ग्राहक को बुकिंग के लगभग पांच घंटे बाद पुष्टि का संदेश मिलेगा, जिससे सर्वर पर अचानक पड़ने वाला दबाव कम किया जा सकेगा।
गैस एजेंसियों से जुड़े सूत्रों के अनुसार सामान्य दिनों में राजधानी में करीब 40 हजार सिलिंडरों की बुकिंग होती थी, लेकिन हाल के दिनों में यह संख्या बढ़कर लगभग चार लाख तक पहुंच गई है। इससे वितरण व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव भी देखा जा रहा है।



