WeatherUpdate – पश्चिमी विक्षोभ से बदलेगा उत्तराखंड का मौसम, बारिश और बर्फबारी के आसार
WeatherUpdate – उत्तराखंड में अगले कुछ दिनों के दौरान मौसम के मिजाज में बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के अनुसार एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राज्य के कई पर्वतीय इलाकों में हल्की बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना बनी हुई है। देहरादून स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक यह मौसमी प्रणाली 7 मार्च से असर दिखाना शुरू करेगी और इसका प्रभाव लगभग 12 मार्च तक बना रह सकता है।

मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि इस दौरान मुख्य रूप से पहाड़ी जिलों में मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। कुछ इलाकों में बादल छाने, हल्की वर्षा और आकाशीय बिजली चमकने जैसी स्थितियां बन सकती हैं, जबकि ऊंचे इलाकों में हिमपात की संभावना भी जताई गई है।
सात मार्च से पहाड़ी जिलों में बदल सकता है मौसम
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 7 मार्च को उत्तरकाशी, चमोली और पिथौरागढ़ जिलों के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है। इन जिलों के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बादलों की सक्रियता अधिक रहने की संभावना है।
विशेष रूप से 4000 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की बर्फबारी के संकेत भी मिले हैं। हालांकि राज्य के अधिकांश मैदानी और अन्य जिलों में इस दिन मौसम सामान्य और शुष्क रहने की संभावना जताई गई है।
आठ मार्च को भी जारी रह सकता है असर
मौसम विभाग का कहना है कि 8 मार्च को भी उत्तराखंड के कुछ पर्वतीय जिलों में मौसम का प्रभाव बना रह सकता है। उत्तरकाशी, चमोली और पिथौरागढ़ के कई क्षेत्रों में हल्की वर्षा के साथ आकाशीय बिजली चमकने की संभावना जताई गई है।
इस दौरान पहाड़ी इलाकों में बादल छाए रह सकते हैं और कुछ स्थानों पर हल्की बर्फबारी भी दर्ज की जा सकती है। मौसम विभाग ने स्थानीय प्रशासन और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां मौसम अचानक बदलने की संभावना रहती है।
नौ मार्च को नए पश्चिमी विक्षोभ का असर
देहरादून स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक डॉ. सी.एस. तोमर के अनुसार 9 मार्च को एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है। इसके प्रभाव से उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों के कुछ स्थानों पर हल्की बारिश होने की संभावना है।
इन जिलों में बारिश के साथ आकाशीय बिजली चमकने की स्थिति भी बन सकती है। साथ ही जिन इलाकों की ऊंचाई लगभग 3800 मीटर या उससे अधिक है, वहां हल्की बर्फबारी होने के संकेत दिए गए हैं। इससे पर्वतीय क्षेत्रों में तापमान में गिरावट महसूस की जा सकती है।
12 मार्च तक बना रह सकता है मौसम का उतार-चढ़ाव
मौसम विभाग के अनुसार यह मौसमी गतिविधि अगले कुछ दिनों तक जारी रह सकती है। अनुमान है कि 12 मार्च तक राज्य के विभिन्न पहाड़ी जिलों में इसी तरह का मौसम देखने को मिल सकता है, जिसमें बीच-बीच में हल्की बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हिमपात की स्थिति बन सकती है।
बीते 24 घंटों के दौरान भी कई इलाकों में बादल छाए रहने के कारण वातावरण में नमी बढ़ी है। इस वजह से पर्वतीय जिलों में तापमान में लगभग चार से पांच डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की गई है।
तापमान में गिरावट की संभावना
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले दिनों में भी तापमान में और कमी दर्ज की जा सकती है। बादलों की मौजूदगी और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना के कारण पर्वतीय इलाकों में ठंड का असर बढ़ सकता है।
हालांकि मैदानी इलाकों में मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रहने की उम्मीद है। विभाग का कहना है कि मौसम से जुड़े अपडेट पर नजर बनाए रखना जरूरी है, खासकर उन लोगों के लिए जो पहाड़ी क्षेत्रों की यात्रा की योजना बना रहे हैं।



