YogiAdityanath – जनता दर्शन में मुख्यमंत्री ने सुनीं शिकायतें, त्वरित समाधान के निर्देश
YogiAdityanath – लखनऊ में सोमवार को आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान बड़ी संख्या में नागरिक अपनी शिकायतें और आवेदन लेकर मुख्यमंत्री से मिलने पहुंचे। मुख्यमंत्री ने प्रत्येक व्यक्ति से संवाद करते हुए उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना और भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार हर मामले में निष्पक्ष और समयबद्ध समाधान के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनता से जुड़े मामलों का निस्तारण निर्धारित समय सीमा के भीतर किया जाए ताकि लोगों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि नागरिकों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए भटकने की जरूरत नहीं पड़ेगी। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिया कि हर आवेदन पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए और पीड़ितों को उचित न्याय मिले।
बच्चों से संवाद और पढ़ाई पर जोर
जनता दर्शन में कई अभिभावक अपने बच्चों के साथ भी पहुंचे थे। मुख्यमंत्री ने बच्चों से भी बातचीत की और उनकी पढ़ाई के बारे में जानकारी ली। उन्होंने बच्चों को चॉकलेट देते हुए उन्हें नियमित रूप से पढ़ाई करने की सलाह दी।
मुख्यमंत्री ने बच्चों से कहा कि किताबों के साथ समय बिताना सबसे महत्वपूर्ण है और तकनीक का उपयोग केवल जरूरत के अनुसार करना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि मोबाइल फोन और सोशल मीडिया का अत्यधिक उपयोग बच्चों की पढ़ाई और एकाग्रता को प्रभावित कर सकता है। इसलिए संतुलित तरीके से इनका उपयोग करना जरूरी है।
बच्चों से इस तरह का संवाद कार्यक्रम के दौरान एक अलग और सकारात्मक माहौल लेकर आया, जहां मुख्यमंत्री ने शिक्षा के महत्व पर भी जोर दिया।
उद्यमियों की समस्याओं पर अधिकारियों को निर्देश
जनता दर्शन के दौरान कुछ उद्यमियों ने भी मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपनी समस्याएं रखीं। उन्होंने निवेश और औद्योगिक गतिविधियों से जुड़े कुछ मुद्दों की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने उनके आवेदन को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने विशेष रूप से उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण और जिला प्रशासन को निर्देश दिया कि उद्योगों से जुड़े मामलों का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में निवेश को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने कई पारदर्शी व्यवस्थाएं लागू की हैं।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि राज्य में निवेश का वातावरण मजबूत बनाने के लिए सिंगल विंडो सिस्टम जैसी व्यवस्थाएं लागू की गई हैं और किसी भी उद्यमी को अनावश्यक देरी का सामना नहीं करना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि उद्योग और निवेश से जुड़े मामलों में लापरवाही या देरी को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
अवैध कब्जे की शिकायतों पर सख्त रुख
कार्यक्रम में कुछ नागरिकों ने भूमि विवाद और अवैध कब्जे से जुड़े मामलों की शिकायत भी मुख्यमंत्री के सामने रखी। कासगंज से आए एक व्यक्ति ने पुलिस से संबंधित मामले में कार्रवाई में देरी की बात कही।
इस पर मुख्यमंत्री ने तुरंत संबंधित जिले के पुलिस अधीक्षक को मामले का संज्ञान लेने और निर्धारित समय के भीतर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरती जानी चाहिए।
एक अन्य शिकायत पारिवारिक विवाद से जुड़ी थी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसे मामलों में संवेदनशीलता के साथ जांच की जाए और पीड़ित पक्ष को न्याय मिले।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि अवैध कब्जे के मामलों में सरकार की नीति बिल्कुल सख्त है और किसी को भी कानून से ऊपर नहीं माना जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सभी मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।
जनता से सीधा संवाद बना कार्यक्रम की खासियत
जनता दर्शन कार्यक्रम का उद्देश्य आम लोगों को सीधे शासन से जोड़ना है ताकि उनकी समस्याओं का समाधान तेजी से हो सके। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि शिकायतों के निस्तारण की नियमित समीक्षा की जाए।
उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि हर नागरिक की समस्या को गंभीरता से लिया जाए और समाधान पारदर्शी तरीके से हो। जनता से सीधे संवाद के ऐसे कार्यक्रम प्रशासन और नागरिकों के बीच विश्वास को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।



