Noida Highrise Society Fire Incident: नोएडा की हाईराइज सोसाइटी में भड़की भीषण आग, धुआं देख सहम गए लोग
Noida Highrise Society Fire Incident: नोएडा के पॉश इलाके सेक्टर-108 में स्थित पार्क्स लॉरिएट सोसाइटी गुरुवार की दोपहर चीख-पुकार और धुएं के गुबार से भर गई। दोपहर का समय था और लोग अपने रोजमर्रा के कामों में व्यस्त थे, तभी अचानक एक टावर के चौथे तल से आग की लपटें (Emergency Fire Alert) उठती देख पूरी सोसाइटी में हड़कंप मच गया। लोग अपनी जान बचाने के लिए घरों से बाहर भागने लगे और देखते ही देखते वहां सैकड़ों लोगों की भीड़ जमा हो गई। इस घटना ने एक बार फिर हाईराइज इमारतों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा और अग्नि सुरक्षा मानकों पर सवालिया निशान लगा दिया है।

किचन और सर्वेंट रूम से शुरू हुआ मौत का तांडव
पुलिस और फायर विभाग की शुरुआती जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे बेहद चौंकाने वाले और सबक देने वाले हैं। बताया जा रहा है कि आग टावर के चौथे फ्लोर पर स्थित एक (Residential Fire Causes) फ्लैट के किचन और सर्वेंट रूम से शुरू हुई थी। आग इतनी तेजी से फैली कि उसने कुछ ही मिनटों में फ्लैट के एक बड़े हिस्से को अपनी आगोश में ले लिया। गनीमत यह रही कि आग ऊपरी मंजिलों तक नहीं पहुंची, वरना एक बड़ी त्रासदी हो सकती थी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तुरंत मोर्चा संभाला और पूरे टावर को खाली कराने की प्रक्रिया शुरू की।
हीटर की वो एक भूल जो लाखों के सामान पर भारी पड़ी
नोएडा सेक्टर-39 थाना क्षेत्र में हुई इस घटना की मुख्य वजह एक इलेक्ट्रिक हीटर की लापरवाही बनी। मुख्य अग्निशमन अधिकारी प्रदीप कुमार चौबे के अनुसार, जांच में (Electric Heater Overheating) पाया गया कि फ्लैट में मौजूद घरेलू सहायिका ने बाहर जाने से पहले हीटर को बंद नहीं किया था। सर्दी के मौसम में लगातार हीटर चलते रहने के कारण वह अत्यधिक गर्म हो गया और पास रखे ज्वलनशील सामान ने आग पकड़ ली। इस एक छोटी सी मानवीय भूल के कारण देखते ही देखते फ्लैट में रखा लाखों रुपये का कीमती फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य सामान जलकर राख के ढेर में तब्दील हो गया।
दमकल कर्मियों की जांबाजी और 30 मिनट का कड़ा संघर्ष
आग लगने की सूचना सोसाइटी के सुरक्षा गार्ड्स द्वारा दोपहर 3.25 बजे दी गई, जिसके तुरंत बाद दमकल की चार गाड़ियां मौके पर रवाना की गईं। चूंकि आग चौथी मंजिल पर लगी थी, इसलिए दमकल कर्मियों को काफी चुनौतियों (Fire Brigade Rescue Operation) का सामना करना पड़ा। दमकल कर्मियों ने भारी पाइपों को सीढ़ियों के रास्ते ऊपर पहुंचाया और अपनी जान जोखिम में डालकर आग पर काबू पाने की कोशिश शुरू की। मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि लगभग 30 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद आग को पूरी तरह बुझा दिया गया और उसे फैलने से रोक लिया गया।
आसपास के फ्लैटों में फंसे लोगों का सुरक्षित रेस्क्यू
जब आग भड़की, तो धुएं के कारण आसपास के फ्लैटों में विजिबिलिटी जीरो हो गई थी, जिससे लोग अपने घरों में ही फंस गए थे। दमकल कर्मियों ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए न केवल आग बुझाई, बल्कि धुएं के गुबार (Evacuation and Safety Procedures) के बीच फंसे कई बुजुर्गों और बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला। राहत की सबसे बड़ी बात यह रही कि इस पूरे हादसे में किसी भी तरह की कोई जनहानि नहीं हुई। फायर डिपार्टमेंट की समय पर की गई कार्रवाई ने कई जिंदगियों को बचा लिया, हालांकि संपत्ति का भारी नुकसान हुआ है।
लग्जरी फ्लैट्स की बढ़ती मांग और सुरक्षा की बड़ी चुनौती
साल 2025 में जहाँ एक ओर नोएडा और आसपास के इलाकों में करोड़ों के लग्जरी फ्लैट्स की बिक्री में रिकॉर्ड उछाल देखा गया है, वहीं ऐसी आगजनी की घटनाएं डराने वाली हैं। रियल एस्टेट मार्केट (Luxury Housing Market Trends) में तेजी के बीच डेवलपर्स और रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) को अग्नि सुरक्षा उपकरणों की समय-समय पर जांच सुनिश्चित करनी चाहिए। पार्क्स लॉरिएट जैसी प्रीमियम सोसाइटी में इस तरह की घटना यह याद दिलाती है कि महंगी सुख-सुविधाओं के साथ-साथ व्यक्तिगत सावधानी और सुरक्षा नियमों का पालन करना कितना अनिवार्य है।
सर्दी के मौसम में आगजनी की बढ़ती घटनाओं से लें सबक
नोएडा में हाल के दिनों में चलती कार और बंद फ्लैटों में आग लगने की कई घटनाएं सामने आई हैं। सर्दियों में हीटर और गीजर का (Winter Electrical Safety) उपयोग बढ़ जाता है, जो अक्सर शॉर्ट सर्किट या ओवरहीटिंग का कारण बनते हैं। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घर से बाहर निकलते समय सभी बिजली के उपकरणों, विशेषकर हीटर और प्रेस को बंद करना न भूलें। आपकी एक छोटी सी सावधानी न केवल आपके आशियाने को बचा सकती है, बल्कि आपके पड़ोसियों की जान भी सुरक्षित रख सकती है।
प्रशासन की सख्त चेतावनी और भविष्य की तैयारी
इस घटना के बाद नोएडा फायर सर्विस ने शहर की सभी हाईराइज सोसायटियों के लिए एक एडवाइजरी जारी करने का मन बनाया है। सीएफओ प्रदीप कुमार चौबे ने स्पष्ट किया कि (Fire Safety Audit) और ड्रिल नियमित रूप से होनी चाहिए ताकि आपात स्थिति में लोग घबराएं नहीं। पार्क्स लॉरिएट हादसे की विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जा रही है और यह जांचा जा रहा है कि क्या सोसाइटी का अपना फायर फाइटिंग सिस्टम समय पर काम कर रहा था या नहीं। फिलहाल, सोसाइटी में स्थिति सामान्य है, लेकिन जले हुए फ्लैट का मंजर लोगों के दिलों में अभी भी सिहरन पैदा कर रहा है।



