T20Records – स्मृति मंधाना ने रचा इतिहास, रोहित शर्मा को छोड़ा पीछे
T20Records – भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सलामी बल्लेबाज स्मृति मंधाना ने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में एक बड़ी उपलब्धि अपने नाम कर ली है। उन्होंने पुरुष और महिला दोनों वर्गों को मिलाकर भारत की ओर से सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड हासिल कर लिया है। इस उपलब्धि के साथ मंधाना ने रोहित शर्मा को पीछे छोड़ दिया है, जो अब तक इस सूची में शीर्ष भारतीय बल्लेबाज थे। हालांकि, उनकी यह उपलब्धि उस मुकाबले में आई जिसमें भारत को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा।

छोटी पारी, बड़ा रिकॉर्ड
डरबन के किंग्समीड मैदान पर खेले गए पहले टी20 मुकाबले में मंधाना का बल्ला भले ही ज्यादा नहीं चला, लेकिन उन्होंने 13 रन बनाकर एक अहम रिकॉर्ड तोड़ दिया। इस पारी के साथ उनके टी20 अंतरराष्ट्रीय रन 4244 तक पहुंच गए, जो रोहित शर्मा के 4231 रनों से अधिक हैं। मंधाना ने यह मुकाम 161 मैचों की 155 पारियों में हासिल किया है। उनकी बल्लेबाजी में निरंतरता साफ दिखती है, जहां उन्होंने 33 अर्धशतक और एक शतक भी लगाया है।
वैश्विक रिकॉर्ड की ओर बढ़ते कदम
अब मंधाना की नजर पाकिस्तान के बाबर आजम के रिकॉर्ड पर है, जो पुरुष टी20 अंतरराष्ट्रीय में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं। बाबर के नाम 4596 रन दर्ज हैं और मंधाना उनसे 352 रन पीछे हैं। जिस तरह की फॉर्म और निरंतरता उन्होंने दिखाई है, उसे देखते हुए यह आंकड़ा पार करना असंभव नहीं लगता। महिला क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन का रिकॉर्ड फिलहाल न्यूजीलैंड की सूजी बेट्स के नाम है, जिनके 4717 रन हैं।
भारत की पारी में शुरुआती मजबूती, फिर लड़खड़ाहट
मैच में भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी रही। शेफाली वर्मा और स्मृति मंधाना ने पहले विकेट के लिए तेज शुरुआत करते हुए पांच ओवर में 46 रन जोड़े। शेफाली ने आक्रामक अंदाज में 34 रन बनाए, जिसमें पांच चौके और एक छक्का शामिल था। हालांकि, उनके आउट होते ही टीम की लय बिगड़ गई और मंधाना भी जल्द ही पवेलियन लौट गईं।
मध्यक्रम ने संभाली जिम्मेदारी
शुरुआती झटकों के बाद जेमिमा रोड्रिग्स और कप्तान हरमनप्रीत कौर ने टीम को संभालने की कोशिश की। दोनों के बीच तीसरे विकेट के लिए 71 रन की अहम साझेदारी हुई। जेमिमा ने 36 रन बनाए, जबकि हरमनप्रीत 47 रन बनाकर नाबाद रहीं। लेकिन निचले क्रम के बल्लेबाजों से अपेक्षित सहयोग नहीं मिल सका, जिससे टीम 20 ओवर में 157 रन ही बना सकी।
दक्षिण अफ्रीका की संतुलित बल्लेबाजी
158 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ्रीका की टीम ने संयम और समझदारी से बल्लेबाजी की। कप्तान लॉरा वोल्वार्ड्ट ने 51 रन की अहम पारी खेली और टीम को मजबूत शुरुआत दिलाई। एनेरी डर्कसन ने नाबाद 44 रन बनाकर टीम को जीत के करीब पहुंचाया। अंत में क्लो ट्रायोन ने भी उपयोगी योगदान दिया और टीम ने 19.1 ओवर में लक्ष्य हासिल कर लिया।
गेंदबाजी में सीमित असर
भारतीय गेंदबाजों ने कोशिश तो की, लेकिन वे विपक्षी बल्लेबाजों पर दबाव बनाने में पूरी तरह सफल नहीं हो सके। श्रेयांका पाटिल ने दो विकेट जरूर लिए, जबकि अरुंधती रेड्डी और श्री चरणी को एक-एक सफलता मिली। बावजूद इसके, टीम लक्ष्य का बचाव नहीं कर पाई।
हार के बाद खिलाड़ियों की प्रतिक्रिया
मैच के बाद जेमिमा रोड्रिग्स ने माना कि टीम 15-20 रन कम बना सकी। उन्होंने बताया कि पिच बल्लेबाजी के लिए आसान नहीं थी और गेंद रुककर आ रही थी। वहीं, स्मृति मंधाना ने स्वीकार किया कि बल्लेबाजी इकाई के तौर पर टीम उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि टीम ने अंत तक मुकाबला बनाए रखा, जो एक सकारात्मक संकेत है।
सीरीज में आगे की चुनौती
इस जीत के साथ दक्षिण अफ्रीका ने पांच मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है। अगला मुकाबला इसी मैदान पर खेला जाएगा, जहां भारतीय टीम वापसी की कोशिश करेगी। मंधाना के पास अभी चार मैच और हैं, जिनमें वह व्यक्तिगत और टीम दोनों स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करना चाहेंगी।