ElectionCommission – कोलकाता दौरे के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त को करना पड़ा विरोध का सामना
ElectionCommission – कोलकाता में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के दौरे के दौरान सोमवार को विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। दक्षिण कोलकाता के प्रसिद्ध कालीघाट मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचे चुनाव आयुक्त को कुछ प्रदर्शनकारियों ने काले झंडे दिखाए और नारेबाजी की। हालांकि मौके पर मौजूद पुलिस ने तुरंत स्थिति को संभाल लिया और किसी भी अप्रिय घटना को होने से रोक दिया। इसके बाद मुख्य चुनाव आयुक्त ने मंदिर में पूजा-अर्चना की और अपना कार्यक्रम जारी रखा।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार विरोध प्रदर्शन सीमित समय तक ही चला और सुरक्षा व्यवस्था के चलते हालात जल्दी सामान्य हो गए। प्रशासन ने पहले से ही इस दौरे को ध्यान में रखते हुए इलाके में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए थे।
एयरपोर्ट पहुंचने पर भी हुआ विरोध
मुख्य चुनाव आयुक्त के कोलकाता पहुंचने के बाद से ही विरोध की घटनाएं सामने आईं। रविवार देर रात जब वह शहर पहुंचे और एयरपोर्ट से बाहर निकले, तब भी कुछ राजनीतिक कार्यकर्ताओं ने उनके खिलाफ नारे लगाए।
बताया गया कि कुछ तृणमूल कांग्रेस से जुड़े कार्यकर्ताओं ने उनके काफिले के सामने काले झंडे दिखाकर विरोध दर्ज कराया। इसके अलावा वीआईपी रोड के कैखाली इलाके में भी इसी तरह का प्रदर्शन किया गया। इन घटनाओं के दौरान पुलिस ने सुरक्षा घेरा मजबूत कर दिया और काफिले को सुरक्षित तरीके से आगे बढ़ाया।
अन्य दलों के कार्यकर्ताओं ने भी किया प्रदर्शन
एयरपोर्ट परिसर के बाहर कुछ वामपंथी दलों के कार्यकर्ताओं ने भी विरोध जताया। प्रदर्शनकारियों ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठाए और नारेबाजी की।
हालांकि पुलिस और प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित रखते हुए किसी बड़े टकराव को नहीं होने दिया। अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा व्यवस्था के कारण किसी प्रकार की गंभीर घटना नहीं हुई और कार्यक्रम तय योजना के अनुसार आगे बढ़ता रहा।
विधानसभा चुनाव से पहले महत्वपूर्ण दौरा
मुख्य चुनाव आयुक्त का यह दौरा राज्य में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों के मद्देनजर काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। तीन दिन के इस दौरे में चुनाव आयोग की टीम राज्य में चुनावी तैयारियों का विस्तृत आकलन करेगी।
ज्ञानेश कुमार के साथ चुनाव आयुक्त एस.एस. संधू और विवेक जोशी भी इस दौरे में शामिल हैं। आयोग के सदस्य विभिन्न बैठकों के माध्यम से प्रशासनिक अधिकारियों और राजनीतिक दलों से बातचीत कर चुनाव प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों की समीक्षा करेंगे।
राजनीतिक दलों के साथ बैठक
दौरे के पहले दिन आयोग की टीम राष्ट्रीय और राज्य स्तर पर मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक करेगी। इस बैठक में चुनाव प्रक्रिया, मतदान व्यवस्था और अन्य संबंधित विषयों पर चर्चा की जाएगी।
राजनीतिक दलों को अपनी चिंताएं और सुझाव रखने का अवसर भी दिया जाएगा ताकि चुनाव प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बनाया जा सके।
कानून व्यवस्था और सुरक्षा की समीक्षा
इसके अलावा चुनाव आयोग के सदस्य प्रवर्तन एजेंसियों के नोडल अधिकारियों, वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ भी बैठक करेंगे। इन बैठकों में कानून-व्यवस्था की स्थिति, सुरक्षा प्रबंधन और विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय की समीक्षा की जाएगी।
अधिकारियों का कहना है कि चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखना और सभी एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल बनाए रखना प्राथमिकता होगी।
अंतिम दिन प्रेस कॉन्फ्रेंस
दौरे के अंतिम दिन चुनाव आयोग की टीम राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल के नोडल अधिकारी के साथ बैठक करेगी। इसके अलावा आयोग के सदस्य बूथ स्तर के अधिकारियों से भी बातचीत कर जमीनी तैयारियों की जानकारी लेंगे।
अपने कार्यक्रम के अंत में चुनाव आयोग की टीम एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से दौरे के दौरान हुई बैठकों और समीक्षा से जुड़े प्रमुख बिंदुओं की जानकारी साझा करेगी।



