TradeWar – अमेरिकी टैरिफ चेतावनी पर कनाडा ने जवाबी कार्रवाई के दिए संकेत
TradeWar – अमेरिका की ओर से कनाडाई उत्पादों पर नए आयात शुल्क लगाने की चेतावनी के बीच कनाडा ने साफ किया है कि वह व्यापार समझौते के लिए बातचीत जारी रखेगा, लेकिन यदि प्रस्तावित टैरिफ लागू किए जाते हैं तो उसके पास जवाबी कदम उठाने के पर्याप्त विकल्प मौजूद हैं। कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने कहा कि सरकार फिलहाल बातचीत को प्राथमिकता दे रही है, हालांकि राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए सभी संभावित विकल्प खुले रखे गए हैं।

व्यापार वार्ता पर सरकार का जोर
प्रिंस एडवर्ड आइलैंड के चार्लेटटाउन में प्रांतों और क्षेत्रों के प्रमुखों के साथ बैठक के बाद मार्क कार्नी ने कहा कि अमेरिका के साथ व्यापक व्यापार समझौते की दिशा में वार्ता तेज की जा रही है। उन्होंने बताया कि यदि 1 अगस्त से प्रस्तावित टैरिफ लागू होने से पहले कोई सहमति नहीं बनती, तो कनाडा अपनी रणनीति के अनुसार निर्णय लेगा। उनके अनुसार, इस समय जल्दबाजी में प्रतिक्रिया देना बातचीत की प्रक्रिया को प्रभावित कर सकता है।
कार्नी ने यह भी कहा कि अमेरिकी प्रशासन कई बार व्यापार वार्ताओं में समयसीमा और टैरिफ की चेतावनी को दबाव बनाने के साधन के रूप में इस्तेमाल करता है। इसके बावजूद उन्हें उम्मीद है कि दोनों देश समाधान की दिशा में आगे बढ़ सकते हैं।
प्रांतों और केंद्र ने दिखाई एकजुटता
बैठक में शामिल विभिन्न प्रांतों के नेताओं ने भी केंद्र सरकार के साथ मिलकर काम करने पर जोर दिया। प्रिंस एडवर्ड आइलैंड के प्रधानमंत्री रॉब लैंट्ज ने कहा कि मौजूदा परिस्थिति में पूरे देश को साझा रणनीति अपनाने की जरूरत है। उनके अनुसार, जब केंद्र और प्रांतीय सरकारें एक साथ निर्णय लेती हैं, तब कनाडा की स्थिति अधिक मजबूत होती है।
मार्क कार्नी ने भी दोहराया कि व्यापार वार्ता के परिणाम चाहे जो हों, सरकार देश की अर्थव्यवस्था को अधिक मजबूत और विविध बनाने की दिशा में काम जारी रखेगी। उन्होंने कहा कि कनाडाई परिवारों, किसानों, कर्मचारियों और उद्योगों के हितों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।
किन उत्पादों पर पड़ सकता है असर
अमेरिकी प्रशासन की ओर से जिन उत्पादों पर नए टैरिफ लगाए जाने की बात कही गई है, उनमें शहद, शराब, सीमेंट, डेयरी उत्पाद, लकड़ी से जुड़े कुछ सामान, हॉकी स्टिक और कई अन्य वस्तुएं शामिल हैं। हालांकि ऊर्जा उत्पाद, पोटाश, मछली और कुछ महत्वपूर्ण खनिजों को इस सूची से बाहर रखा गया है।
रिपोर्ट के अनुसार, पहले जिन वस्तुओं को अमेरिका, मेक्सिको और कनाडा के व्यापार समझौते के तहत शुल्क से राहत प्राप्त थी, उनमें से कुछ अब नए टैरिफ के दायरे में आ सकती हैं। इसी कारण दोनों देशों के बीच नए व्यापार ढांचे पर बातचीत जारी है।
अर्थव्यवस्था पर संभावित प्रभाव
कनाडा के एक प्रमुख वित्तीय संस्थान के विश्लेषण के अनुसार, प्रस्तावित शुल्कों का असर हर वर्ष अमेरिका भेजे जाने वाले लगभग 28 अरब कनाडाई डॉलर मूल्य के निर्यात पर पड़ सकता है। यह अमेरिका को होने वाले कनाडा के कुल निर्यात का लगभग पांच प्रतिशत हिस्सा माना जाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि सीधे व्यापार पर प्रभाव के अलावा कारोबारी माहौल में अनिश्चितता बढ़ने से निवेश और उद्योगों का भरोसा भी प्रभावित हो सकता है। ओंटारियो, क्यूबेक और ब्रिटिश कोलंबिया जैसे प्रांतों पर इसका अपेक्षाकृत अधिक असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है।
ओंटारियो ने भी जताई तैयारी
ओंटारियो के प्रीमियर डग फोर्ड ने कहा कि कनाडा को हर स्थिति के लिए तैयार रहना चाहिए। उन्होंने संकेत दिया कि यदि हालात बिगड़ते हैं तो सभी संभावित विकल्पों पर विचार किया जाएगा। बिजली निर्यात पर संभावित कदम के सवाल पर उन्होंने कहा कि आगे की रणनीति अमेरिका की कार्रवाई पर निर्भर करेगी। वहीं, मार्क कार्नी ने भरोसा जताया कि यदि कोई व्यापार समझौता होता है तो वह स्पष्ट और व्यावहारिक शर्तों पर आधारित होना चाहिए।