iPhoneFold – 2026 में आ सकता है एपल का पहला फोल्डेबल फोन
iPhoneFold – स्मार्टफोन बाजार में फोल्डेबल डिवाइस का चलन कई सालों से बढ़ रहा है, लेकिन अब तक एपल ने इस सेगमेंट से दूरी बनाए रखी थी। ताजा रिपोर्ट्स और लीक जानकारी के अनुसार कंपनी 2026 में अपना पहला फोल्ड होने वाला आईफोन पेश कर सकती है। माना जा रहा है कि यह डिवाइस प्रीमियम कैटेगरी में आएगा और इसकी कीमत लगभग 2000 से 2500 डॉलर के बीच हो सकती है। अगर ऐसा होता है तो यह अब तक का सबसे महंगा आईफोन साबित हो सकता है।

डिजाइन में टैबलेट जैसा अनुभव
सूत्रों के मुताबिक यह नया आईफोन बुक-स्टाइल डिजाइन के साथ आएगा, यानी यह किताब की तरह क्षैतिज दिशा में खुलेगा। यह क्लैमशेल फॉर्मेट वाला कॉम्पैक्ट फोल्ड नहीं होगा, बल्कि खुलने पर टैबलेट जैसा बड़ा डिस्प्ले देगा। रिपोर्ट्स में कहा गया है कि बंद स्थिति में इसकी मोटाई 10 मिमी से कम और खुलने पर लगभग 5 मिमी हो सकती है।
फ्रेम के लिए ग्रेड-5 टाइटेनियम के उपयोग की संभावना जताई जा रही है, जिससे डिवाइस हल्का और मजबूत दोनों रहेगा। कुछ लीक में यह भी संकेत है कि वॉल्यूम बटन की पोजिशन में बदलाव किया जा सकता है। डिजाइन का फोकस उन यूजर्स पर बताया जा रहा है जो मल्टीटास्किंग, ई-बुक रीडिंग और वीडियो स्ट्रीमिंग के लिए बड़ी स्क्रीन चाहते हैं।
डिस्प्ले को लेकर खास तैयारी
रिपोर्ट्स के अनुसार इस फोल्डेबल डिवाइस में दो स्क्रीन मिल सकती हैं। बाहरी हिस्से में लगभग 5.5 इंच का डिस्प्ले होगा, जिसे सामान्य स्मार्टफोन की तरह इस्तेमाल किया जा सकेगा। डिवाइस खोलने पर 7.8 इंच का बड़ा स्क्रीन पैनल सामने आएगा, जो आकार में आईपैड मिनी जैसा अनुभव दे सकता है।
स्क्रीन की मजबूती के लिए अल्ट्रा थिन ग्लास और एडवांस्ड पॉलिमर लेयर का इस्तेमाल किया जा सकता है। फोल्डेबल फोन में अक्सर दिखने वाली क्रिज लाइन को कम से कम रखने की कोशिश की जा रही है। हालांकि वास्तविक प्रदर्शन लॉन्च के बाद ही स्पष्ट होगा।
बिल्ड क्वालिटी और हिंज मैकेनिज्म
फोल्डिंग डिवाइस की सबसे बड़ी चुनौती उसकी टिकाऊ बनावट होती है। जानकारी के मुताबिक एपल डिस्प्ले के नीचे मेटल रीइन्फोर्समेंट प्लेट और विशेष लिक्विड मेटल हिंज का उपयोग कर सकता है। इससे रोजाना खोलने-बंद करने की प्रक्रिया में मजबूती बनी रहेगी। कंपनी का ध्यान केवल डिजाइन पर नहीं, बल्कि लंबी अवधि की ड्यूरेबिलिटी पर भी बताया जा रहा है।
तकनीकी विशेषज्ञ मानते हैं कि यदि एपल इस सेगमेंट में प्रवेश करता है तो वह निर्माण गुणवत्ता को लेकर उच्च मानक तय कर सकता है।
कैमरा और सुरक्षा फीचर्स
लीक के अनुसार डिवाइस में 48 मेगापिक्सल का डुअल रियर कैमरा सेटअप हो सकता है। सेल्फी कैमरा को लेकर भी दिलचस्प जानकारी सामने आई है। कहा जा रहा है कि अंदर की स्क्रीन पर अंडर डिस्प्ले कैमरा तकनीक का इस्तेमाल किया जा सकता है, जबकि बाहरी स्क्रीन पर पंच होल कैमरा मिल सकता है।
सुरक्षा के लिहाज से फेस आईडी की जगह साइड बटन में टच आईडी दिए जाने की संभावना जताई गई है। फोल्डिंग डिजाइन के कारण फेस आईडी के लिए आवश्यक सेंसर प्लेसमेंट में सीमाएं हो सकती हैं।
बैटरी और कनेक्टिविटी
बड़ी स्क्रीन के चलते पावर खपत अधिक होगी, इसलिए हाई डेंसिटी बैटरी सेल्स के उपयोग की बात कही जा रही है। अनुमान है कि यह मॉडल बैटरी बैकअप के मामले में मौजूदा आईफोन से बेहतर हो सकता है।
इसके अलावा यह डिवाइस पूरी तरह eSIM आधारित हो सकता है, यानी फिजिकल सिम स्लॉट नहीं दिया जाएगा। कनेक्टिविटी के लिए कंपनी का इन हाउस मॉडेम इस्तेमाल होने की भी चर्चा है।
संभावित लॉन्च और बाजार प्रभाव
रिपोर्ट्स के अनुसार इसका मास प्रोडक्शन 2026 के दूसरे हिस्से में शुरू हो सकता है और सितंबर 2026 में लॉन्च की संभावना है। निर्माण की जिम्मेदारी फॉक्सकॉन को सौंपी जा सकती है। हालांकि फोल्डिंग डिस्प्ले और हिंज से जुड़ी तकनीकी चुनौतियों के कारण समयसीमा में बदलाव की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
फोल्डेबल स्मार्टफोन बाजार अभी तक मुख्य रूप से एंड्रॉयड ब्रांड्स के नियंत्रण में रहा है। ऐसे में एपल की एंट्री से प्रीमियम सेगमेंट में प्रतिस्पर्धा बढ़ सकती है और स्मार्टफोन तथा टैबलेट के बीच नई श्रेणी बन सकती है।



