VB-G RAM G Scheme:मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी पर बरसे शिवराज, बोले- नई योजना से बढ़ेगा रोजगार और बढ़ेगी मजदूरी…
VB-G RAM G Scheme: केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व पर सीधा हमला बोलते हुए स्पष्ट किया है कि ग्रामीण विकास को लेकर विपक्ष की ओर से फैलाए जा रहे दावे पूरी तरह निराधार हैं। उन्होंने मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि वे नई योजना (Employment Generation India) के बारे में जनता के बीच भ्रम पैदा करने का काम कर रहे हैं। सरकार का लक्ष्य किसी के अधिकारों को छीनना नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाना है।

हर पंचायत तक पहुंचेगा विकास का नया पहिया
शिवराज सिंह चौहान ने इस बात की कड़ी निंदा की कि विपक्ष यह अफवाह फैला रहा है कि नई योजना केवल चुनिंदा पंचायतों तक सीमित रहेगी। मंत्री ने पूरे आत्मविश्वास के साथ कहा कि ‘विकसित भारत-रोजगार आजीविका मिशन’ (Rural Development Initiatives) को देश की प्रत्येक पंचायत में समान रूप से लागू किया जाएगा। उन्होंने साफ किया कि सरकार का विजन समावेशी विकास का है, जिसमें किसी भी गांव या क्षेत्र को पीछे नहीं छोड़ा जाएगा।
मनरेगा बनाम नई योजना का असली सच
कांग्रेस द्वारा शुरू किए गए ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ पर पलटवार करते हुए केंद्रीय मंत्री ने इसे राजनीतिक स्टंट करार दिया। उन्होंने तथ्यों के साथ स्पष्ट किया कि नया कानून काम के अधिकार को पहले से कहीं अधिक (Labor Rights in India) सुरक्षा प्रदान करेगा। सरकार का मानना है कि पुरानी व्यवस्थाओं में सुधार करके ही मजदूरों की स्थिति को बेहतर बनाया जा सकता है, न कि केवल पुरानी योजनाओं का गुणगान करने से।
100 नहीं अब 125 दिन मिलेगा पक्का काम
सरकार ने श्रमिकों के हित में एक बड़ा फैसला लेते हुए कार्य दिवसों की संख्या में ऐतिहासिक बढ़ोतरी की है। शिवराज सिंह चौहान ने घोषणा की है कि अब ग्रामीणों को साल में 100 दिनों के बजाय पूरे 125 दिन (Employment Guarantee Scheme) का निश्चित रोजगार प्रदान किया जाएगा। यह कदम न केवल ग्रामीण परिवारों की आय बढ़ाएगा, बल्कि उन्हें आर्थिक रूप से पहले से कहीं अधिक स्वतंत्र और सशक्त बनाएगा।
बेरोजगारी भत्ते पर सरकार का सख्त रुख
अक्सर यह देखा गया है कि मजदूरों को काम न मिलने की स्थिति में मुआवजा पाने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता था, लेकिन नई व्यवस्था में इसे बदल दिया गया है। मंत्री ने बताया कि यदि किसी आवेदक को समय पर काम नहीं मिलता है, तो उसे 15 दिनों के भीतर (Unemployment Allowance Rules) बेरोजगारी भत्ता मिलना सुनिश्चित किया जाएगा। यह नियम प्रशासन की जवाबदेही तय करेगा और यह सुनिश्चित करेगा कि किसी भी गरीब के साथ अन्याय न हो।
आंकड़ों की जुबानी यूपीए बनाम एनडीए की हकीकत
बजट और आवंटन के मुद्दे पर कांग्रेस को घेरते हुए शिवराज सिंह चौहान ने वित्तीय आंकड़े पेश किए। उन्होंने बताया कि जहाँ यूपीए सरकार के दौरान मनरेगा पर लगभग दो लाख करोड़ रुपये खर्च किए गए थे, वहीं वर्तमान सरकार अब तक (Government Expenditure on Rural Infrastructure) नौ लाख करोड़ रुपये से अधिक की राशि निवेश कर चुकी है। यह अंतर दर्शाता है कि ग्रामीण भारत के विकास के प्रति वर्तमान सरकार की नीयत और नीति दोनों ही स्पष्ट और मजबूत हैं।
राज्यों पर नहीं पड़ेगा आर्थिक बोझ का दबाव
नई योजना को लेकर राज्यों की वित्तीय स्थिति पर उठ रहे सवालों का जवाब देते हुए मंत्री ने भरोसा दिलाया कि केंद्र सरकार राज्यों की मदद के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि केंद्र पहले से ही अधिक फंड उपलब्ध (Central Government Funding) करवा रहा है, इसलिए राज्यों की तिजोरी पर कोई अतिरिक्त भार नहीं आएगा। राज्यों द्वारा किया जाने वाला निवेश मुख्य रूप से ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर को आधुनिक बनाने और स्थानीय संपत्तियों के निर्माण में उपयोग होगा।
छह महीने का ट्रांजिशन पीरियड और स्थिरता
नई योजना ‘VB-G RAM G’ के लागू होने की समयसीमा पर चर्चा करते हुए शिवराज ने बताया कि इसे पूरी तरह धरातल पर उतारने में छह महीने का समय लगेगा। इस अंतरिम अवधि के दौरान (MNREGA Transformation Process) पुरानी व्यवस्था यानी मनरेगा निरंतर जारी रहेगी ताकि किसी भी मजदूर का काम न रुके। सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि पुरानी योजना से नई योजना की ओर बढ़ते समय व्यवस्था में कोई व्यवधान न आए।
ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर में आएगा क्रांतिकारी बदलाव
मंत्री के अनुसार नई योजना केवल गड्ढे खोदने तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि इसका व्यापक उद्देश्य गांवों का कायाकल्प करना है। इस मिशन के तहत बनने वाली हर सड़क, हर तालाब और हर सार्वजनिक भवन (Rural Economy Growth) को भविष्य की जरूरतों के हिसाब से तैयार किया जाएगा। इससे न केवल रोजगार मिलेगा, बल्कि गांवों में संपत्तियों का निर्माण होगा जिससे आने वाली पीढ़ियों को भी लाभ मिलेगा।
कांग्रेस की नकारात्मक राजनीति का अंत
शिवराज सिंह चौहान ने अपने संबोधन के अंत में कहा कि राहुल गांधी और खड़गे जैसे नेता गलत बयानबाजी करके अपनी ही पार्टी की साख को नुकसान पहुँचा रहे हैं। उन्होंने जोर दिया कि जनता अब (Political Accountability in India) केवल काम और ठोस परिणामों पर भरोसा करती है। सरकार का उद्देश्य राजनीति से ऊपर उठकर हर गरीब के हाथ को काम और हर पेट को रोटी देना है, जिसमें ‘VB-G RAM G’ मील का पत्थर साबित होगी।



