VoterList – मतदाता सूची पुनरीक्षण में पांच से अधिक आपत्तियों पर ईआरओ करेंगे जांच
VoterList – उत्तराखंड के मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. बीवीआरसी पुरुषोत्तम ने मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण अभियान को लेकर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने बताया कि यदि कोई मतदाता पांच से अधिक मतदाताओं के नाम पर दावा या आपत्ति दर्ज कराता है, तो ऐसे मामलों की जांच संबंधित निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी (ईआरओ) स्वयं करेंगे। इसका उद्देश्य प्रक्रिया की पारदर्शिता बनाए रखना और नियमों के अनुरूप सत्यापन सुनिश्चित करना है।

77 प्रतिशत मतदाताओं तक पहुंच चुके हैं नोटिस
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि विशेष पुनरीक्षण अभियान के तहत अब तक लगभग 24 लाख प्रस्तावित नोटिसों में से 19 लाख नोटिस मतदाताओं तक पहुंचाए जा चुके हैं। यह कुल लक्ष्य का करीब 77 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) के माध्यम से नोटिस वितरण का कार्य लगातार जारी है और शेष मतदाताओं तक भी जल्द सूचना पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
नए वोट और संशोधन के लिए बड़ी संख्या में आवेदन
अधिकारियों के अनुसार, मतदाता सूची में नाम जोड़ने के लिए अब तक 93 हजार से अधिक लोगों ने फॉर्म-6 जमा किया है। वहीं नाम हटाने के लिए 1.39 लाख से अधिक फॉर्म-7 प्राप्त हुए हैं। मतदाता सूची में विवरण सुधारने के लिए लगभग 40 हजार फॉर्म-8 भी जमा किए गए हैं। इन सभी आवेदनों का नियमानुसार परीक्षण और सत्यापन किया जा रहा है।
दावे और आपत्तियों के लिए तय किए गए नियम
डॉ. पुरुषोत्तम ने स्पष्ट किया कि एक मतदाता अधिकतम पांच मामलों में ही दावा या आपत्ति दर्ज करा सकता है। यदि किसी क्षेत्र में इससे अधिक आवेदन प्राप्त होते हैं, तो ऐसे मामलों का सत्यापन ईआरओ स्वयं करेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट एक दिन में अधिकतम 10 आवेदन प्रस्तुत कर सकते हैं। यदि पुनरीक्षण अवधि के दौरान किसी एजेंट की ओर से 30 आवेदन जमा किए जाते हैं, तो उनकी भी अलग से जांच की जाएगी।
जिलों को दिए गए विशेष निर्देश
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि सभी जिलों को निर्देश दिए गए हैं कि सामान्य त्रुटियों वाले मामलों का निस्तारण बीएलओ स्तर पर आवश्यक दस्तावेजों के सत्यापन के बाद किया जाए, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। जिन मतदाताओं की जानकारी का मिलान अभी तक नहीं हो पाया है, उनके मामलों में ईआरओ और सहायक निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी (एईआरओ) स्तर पर सुनवाई कर नियमानुसार निर्णय लिया जाएगा।
बैठक में विभिन्न दलों के प्रतिनिधि रहे मौजूद
समीक्षा बैठक में विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया। बैठक में भारतीय जनता पार्टी, कांग्रेस, बहुजन समाज पार्टी और माकपा के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। इस दौरान मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान की प्रगति, दावे एवं आपत्तियों की प्रक्रिया और मतदाताओं की सुविधा से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई।