WarUpdate – कीव पर रूस का बड़ा मिसाइल और ड्रोन हमला, 17 लोगों की हुई मौत
WarUpdate– रूस और यूक्रेन के बीच जारी संघर्ष ने एक बार फिर गंभीर रूप ले लिया है। बुधवार तड़के रूस ने यूक्रेन की राजधानी कीव और आसपास के क्षेत्रों पर मिसाइलों तथा ड्रोन से व्यापक हमला किया। यूक्रेनी अधिकारियों के अनुसार इस हमले में 17 लोगों की जान गई, जबकि 44 अन्य घायल हुए हैं। राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने कहा कि यदि आधुनिक वायु रक्षा प्रणाली समय रहते उपलब्ध होती, तो कई लोगों की जान बचाई जा सकती थी। दूसरी ओर, यूक्रेन ने भी रूस के भीतर ड्रोन कार्रवाई करने का दावा किया है।

कीव और आसपास के इलाकों में भारी नुकसान
यूक्रेन के मुताबिक हमले में बैलिस्टिक मिसाइलों के साथ बड़ी संख्या में ड्रोन का इस्तेमाल किया गया। स्थानीय प्रशासन का कहना है कि राजधानी क्षेत्र के कई हिस्सों में नागरिक ढांचे को नुकसान पहुंचा है। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने आरोप लगाया कि गोदाम, रेलवे स्टेशन, लॉजिस्टिक्स केंद्र और अन्य गैर-सैन्य प्रतिष्ठान भी हमले की चपेट में आए। एक निजी डाक कंपनी ने भी अपने सॉर्टिंग सेंटर के क्षतिग्रस्त होने की जानकारी दी है।
रूस ने सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने का किया दावा
रूस के रक्षा मंत्रालय ने इन आरोपों से अलग दावा पेश किया है। मंत्रालय के अनुसार कार्रवाई केवल सैन्य गतिविधियों से जुड़े परिवहन, लॉजिस्टिक्स और उपकरण भंडारण केंद्रों के खिलाफ की गई। रूसी पक्ष का कहना है कि जिन स्थानों पर हमला हुआ, वहां ड्रोन, इलेक्ट्रॉनिक युद्ध प्रणाली और अन्य सैन्य सामग्री मौजूद थी। इसके अलावा रूस ने काला सागर क्षेत्र में कुछ मालवाहक जहाजों को भी निशाना बनाने का दावा किया है। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल नहीं हो सकी है।
यूक्रेन ने भी किया जवाबी ड्रोन हमला
रूसी हमले के बाद यूक्रेन ने जवाबी कार्रवाई करते हुए रूस के भीतर ड्रोन अभियान जारी रखने की बात कही। यूक्रेनी पक्ष के अनुसार मॉस्को के दक्षिण स्थित तुला क्षेत्र में एक बड़े गोदाम को निशाना बनाया गया, जिसका उपयोग कथित तौर पर सैन्य आपूर्ति से जुड़े कार्यों में भी किया जा सकता था। वहीं रूस ने दावा किया कि उसकी वायु रक्षा प्रणाली ने रातभर में विभिन्न क्षेत्रों, क्रीमिया और काला सागर के ऊपर सैकड़ों यूक्रेनी ड्रोन को मार गिराया।
बढ़ती चिंता के बीच शांति प्रयास ठहरे
राष्ट्रपति जेलेंस्की ने सहयोगी देशों से आधुनिक एयर डिफेंस सिस्टम और इंटरसेप्टर मिसाइलों की आपूर्ति तेज करने की अपील दोहराई है। दूसरी ओर, अमेरिका की पहल पर चल रहे युद्धविराम प्रयास अभी तक किसी ठोस नतीजे तक नहीं पहुंच सके हैं। यूक्रेन बिना शर्त युद्धविराम की इच्छा जता चुका है, जबकि रूस की ओर से अब तक ऐसी सहमति सामने नहीं आई है।
संघर्ष के और लंबा खिंचने के संकेत
लगातार हो रहे मिसाइल और ड्रोन हमलों ने संकेत दिए हैं कि दोनों देशों के बीच सैन्य टकराव अभी थमने वाला नहीं है। विश्लेषकों का मानना है कि मौजूदा दौर में दोनों पक्ष एक-दूसरे के सैन्य और आपूर्ति ढांचे को कमजोर करने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। इसका असर नागरिक क्षेत्रों पर भी पड़ रहा है, जिससे मानवीय संकट गहराने की आशंका बनी हुई है।