Aviation – अदाणी समूह ने एयरलाइन कारोबार में उतरने की अटकलों को किया खारिज
Aviation- भारत के विमानन क्षेत्र में अदाणी समूह की भूमिका लगातार मजबूत होती रही है, लेकिन समूह ने स्पष्ट किया है कि उसकी किसी नई एयरलाइन शुरू करने या यात्री विमान संचालन के कारोबार में उतरने की फिलहाल कोई योजना नहीं है। हाल के दिनों में इस तरह की चर्चाएं सामने आई थीं, जिन पर समूह ने अपना रुख साफ करते हुए कहा कि उसका ध्यान विमानन क्षेत्र से जुड़े बुनियादी ढांचे और सहायक सेवाओं के विस्तार पर ही केंद्रित है।

हवाई अड्डों के संचालन में बड़ी मौजूदगी
अदाणी समूह देश का सबसे बड़ा निजी हवाई अड्डा संचालक माना जाता है। समूह वर्तमान में मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे समेत कुल आठ हवाई अड्डों का संचालन और प्रबंधन कर रहा है। इन परियोजनाओं के माध्यम से यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने, संचालन क्षमता बढ़ाने और आधुनिक विमानन अवसंरचना विकसित करने पर लगातार काम किया जा रहा है। इसी वजह से समूह की पहचान एयरपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र के प्रमुख निवेशकों में होती है।
नवी मुंबई परियोजना पर भी जारी है काम
समूह की महत्वपूर्ण परियोजनाओं में नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का विकास भी शामिल है। इस परियोजना को देश के विमानन नेटवर्क के विस्तार के लिहाज से अहम माना जा रहा है। इसका उद्देश्य भविष्य में बढ़ने वाले यात्री और कार्गो यातायात की जरूरतों को पूरा करना है। परियोजना पर जारी कार्य से यह संकेत मिलता है कि समूह विमानन क्षेत्र में अपनी मौजूदगी को एयरपोर्ट विकास और संचालन के जरिए मजबूत करने पर जोर दे रहा है।
विमानन सेवाओं के कई क्षेत्रों में बढ़ा विस्तार
पिछले कुछ वर्षों में अदाणी समूह ने विमानन मूल्य श्रृंखला से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में भी निवेश बढ़ाया है। इसमें ग्राउंड हैंडलिंग सेवाएं, पायलट प्रशिक्षण, विमान रखरखाव, मरम्मत और तकनीकी सहायता जैसी गतिविधियां शामिल हैं। इन सेवाओं का उद्देश्य एयरपोर्ट संचालन को अधिक प्रभावी बनाना और विमानन उद्योग की विभिन्न जरूरतों के लिए एक व्यापक सेवा तंत्र तैयार करना है। इससे समूह की भूमिका केवल एयरपोर्ट प्रबंधन तक सीमित नहीं रही, बल्कि विमानन इकोसिस्टम के कई महत्वपूर्ण हिस्सों तक विस्तारित हुई है।
विनिर्माण सहयोग की भी है योजना
समूह ने विमान निर्माण से जुड़े क्षेत्र में भी संभावनाएं तलाशने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं। इसके तहत ब्राजील की विमान निर्माता कंपनी एम्ब्रेयर के साथ प्रस्तावित सहयोग का उल्लेख किया गया है। यह पहल विमान निर्माण और उससे जुड़े औद्योगिक अवसरों पर केंद्रित है। हालांकि, इसका संबंध किसी नई यात्री एयरलाइन शुरू करने की योजना से नहीं है।
एयरलाइन शुरू करने की योजना से किया इनकार
समूह ने दोहराया है कि विमानन क्षेत्र में उसकी रणनीति एयरपोर्ट संचालन, सहायक सेवाओं और बुनियादी ढांचे के विकास तक सीमित है। एयरलाइन कारोबार में प्रवेश को लेकर चल रही अटकलों को उसने स्पष्ट रूप से खारिज कर दिया है। ऐसे में फिलहाल समूह का फोकस मौजूदा परियोजनाओं को आगे बढ़ाने और विमानन अवसंरचना से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में अपनी क्षमताओं को मजबूत करने पर बना हुआ है।