PalestineAid – चिकित्सा सहायता की मिली उम्मीद, भारत की भूमिका पर बोले फिलिस्तीनी राजदूत…
PalestineAid – भारत में फिलिस्तीन के राजदूत अब्दुल्ला अबू शावेश ने उम्मीद जताई है कि गाजा में जारी मानवीय संकट के बीच भारत जल्द चिकित्सा सहायता उपलब्ध करा सकता है। एक समाचार एजेंसी को दिए साक्षात्कार में उन्होंने कहा कि गाजा की स्वास्थ्य व्यवस्था गंभीर दबाव में है और वहां दवाइयों, चिकित्सा उपकरणों तथा अन्य आवश्यक स्वास्थ्य संसाधनों की तत्काल जरूरत बनी हुई है। उन्होंने भारत द्वारा पहले भेजी गई मानवीय सहायता का भी उल्लेख करते हुए भविष्य में सहयोग की उम्मीद व्यक्त की।

स्वास्थ्य व्यवस्था पर जताई चिंता
राजदूत ने कहा कि गाजा में स्वास्थ्य सेवाएं गंभीर रूप से प्रभावित हुई हैं। उनके अनुसार, कुल 36 अस्पतालों में से केवल 17 अस्पताल ही आंशिक रूप से काम कर पा रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि लंबे समय से जारी संघर्ष का असर चिकित्सा सेवाओं, बुनियादी ढांचे और आम नागरिकों के जीवन पर पड़ा है। उन्होंने यह भी कहा कि बड़ी संख्या में लोगों को इलाज और आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
भारत से सहयोग की जताई उम्मीद
साक्षात्कार में राजदूत ने बताया कि हाल के दिनों में उन्होंने भारत सरकार और विभिन्न भारतीय संस्थाओं से मानवीय सहायता को लेकर बातचीत की है। उनके अनुसार, भारत पहले भी फिलिस्तीन को दवाइयां और चिकित्सा सामग्री उपलब्ध कराता रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए भारत भविष्य में भी मानवीय आधार पर आवश्यक सहायता प्रदान करने की दिशा में सकारात्मक कदम उठा सकता है। हालांकि, भारत सरकार की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
दो-राष्ट्र समाधान पर भारत के रुख की सराहना
राजदूत अब्दुल्ला अबू शावेश ने भारत की विदेश नीति का उल्लेख करते हुए दो-राष्ट्र समाधान के प्रति नई दिल्ली के समर्थन की सराहना की। उन्होंने कहा कि भारत लंबे समय से क्षेत्र में शांति और स्थिरता के पक्ष में अपनी स्थिति स्पष्ट करता रहा है। उनके अनुसार, ऐसे प्रयास क्षेत्रीय तनाव कम करने और स्थायी समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण माने जाते हैं।
मानवीय स्थिति पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील
राजदूत ने वैश्विक समुदाय से गाजा में मानवीय सहायता बढ़ाने की अपील की। उन्होंने कहा कि चिकित्सा सेवाओं के अलावा खाद्य सामग्री, राहत संसाधन और नागरिकों की सुरक्षा जैसे मुद्दों पर भी तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा संकट के समाधान के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और अधिक प्रभावी प्रयास किए जाने चाहिए। यह बयान फिलिस्तीनी पक्ष का दृष्टिकोण है।
संयुक्त राष्ट्र से भी जताई अपेक्षाएं
साक्षात्कार के दौरान राजदूत ने संयुक्त राष्ट्र और अन्य अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं से भी सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि इन संगठनों द्वारा जारी रिपोर्टें मानवीय स्थिति का दस्तावेजीकरण करने और अंतरराष्ट्रीय समुदाय का ध्यान आकर्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उनका कहना था कि संकट से जुड़े तथ्यों को लगातार सामने लाने और राहत प्रयासों को मजबूत करने के लिए वैश्विक संस्थाओं का सहयोग आवश्यक है।