Uttarakhand Weather Forecast 2026: नए साल के जश्न के बीच उत्तराखंड में जारी हुआ बर्फबारी और कड़ाके की ठंड का अलर्ट
Uttarakhand Weather Forecast 2026: साल 2025 की अंतिम विदा और 2026 का स्वागत उत्तराखंड में बेहद खास होने वाला है। मौसम विज्ञान केंद्र के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, 31 दिसंबर को प्रदेश के पर्वतीय जिलों में मौसम करवट लेने वाला है। (Weather Transformation) की इस कड़ी में पहाड़ों पर बारिश और बर्फबारी की प्रबल संभावना जताई गई है। जो पर्यटक नए साल का जश्न मनाने के लिए पहाड़ों का रुख कर रहे हैं, उनके लिए यह खबर उत्साह और सावधानी दोनों लेकर आई है।

उत्तरकाशी से पिथौरागढ़ तक गिरेगा कुदरत का सफेद सोना
मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, उत्तरकाशी, चमोली और पिथौरागढ़ जैसे सीमांत जिलों के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश के साथ बर्फबारी होने के आसार हैं। विशेष रूप से 3200 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले (High Altitude Snowfall) क्षेत्रों में बर्फ की सफेद चादर बिछने की संभावना है। इसके परिणामस्वरूप पूरे प्रदेश के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे कड़ाके की ठंड का अहसास बढ़ जाएगा।
मैदानी इलाकों में कोहरे का सितम और येलो अलर्ट जारी
एक तरफ जहां पहाड़ बर्फबारी के लिए तैयार हैं, वहीं मैदानी जिलों में कोहरे का कहर जारी रहेगा। हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और देहरादून समेत चंपावत, नैनीताल और पौड़ी के इलाकों के लिए (Fog Yellow Alert) जारी किया गया है। घने कोहरे के कारण सुबह और शाम के समय दृश्यता (विजिबिलिटी) बेहद कम रहने की आशंका है, जिसका सीधा प्रभाव जनजीवन और यातायात पर पड़ेगा।
देहरादून एयरपोर्ट पर धुंध का पहरा: हवाई सेवाएं हुई ठप
खराब मौसम और कम दृश्यता का सबसे बड़ा असर देहरादून एयरपोर्ट पर देखने को मिल रहा है। लगातार तीसरे दिन हवाई यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। (Low Visibility) के चलते सुबह से लेकर शाम तक कुल नौ उड़ानें अपने निर्धारित समय से काफी देरी से पहुंचीं। अहमदाबाद, दिल्ली, जयपुर और मुंबई जैसी प्रमुख जगहों से आने वाली फ्लाइट्स घंटों की देरी से लैंड कर पाईं।
उड़ानों की देरी से यात्रियों का बिगड़ा पूरा शेड्यूल
देहरादून आने वाली इंडिगो और एअर इंडिया की उड़ानों में भारी देरी दर्ज की गई। इंडिगो की अहमदाबाद उड़ान सुबह 7:55 के बजाय करीब 4 घंटे की देरी से 11:41 बजे पहुंची। इसी तरह (Flight Delay Schedule) की फेहरिस्त में भुवनेश्वर, दिल्ली और हैदराबाद की उड़ानें भी शामिल रहीं। एलायंस एयर की कुल्लू फ्लाइट और पुणे से आने वाली इंडिगो की फ्लाइट भी शाम तक घंटों लेट रहीं, जिससे नए साल के पर्यटन सीजन पर भी असर पड़ता दिख रहा है।
जश्न के लिए ट्रैफिक डायवर्जन: देहरादून और मसूरी में नई व्यवस्था
नए साल की शाम को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने भी अपनी कमर कस ली है। देहरादून और मसूरी में भारी संख्या में उमड़ने वाली भीड़ को नियंत्रित करने के लिए ट्रैफिक प्लान में बदलाव किया गया है। (Traffic Diversion Plan) के तहत कई प्रमुख रूटों को डायवर्ट किया गया है ताकि पर्यटकों को जाम का सामना न करना पड़े। होटल और रेस्टोरेंट्स में पहले ही एडवांस बुकिंग फुल हो चुकी है और अब बर्फबारी की खबर ने पर्यटकों की उत्सुकता को और बढ़ा दिया है।
आने वाले दिनों का हाल: क्या जारी रहेगी बारिश?
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, फिलहाल 31 दिसंबर को बारिश और बर्फबारी के बाद आने वाले कुछ दिन राहत भरे रह सकते हैं। अनुमान लगाया गया है कि (Dry Weather Condition) तीन और पांच जनवरी को प्रदेश भर में देखने को मिलेगी। यानी शुरुआती बर्फबारी के बाद मौसम दोबारा शुष्क हो जाएगा। हालांकि, तापमान में गिरावट बनी रहेगी, इसलिए स्थानीय लोगों और पर्यटकों को ठंड से बचाव के पुख्ता इंतजाम रखने की सलाह दी गई है।
कृषि और पर्यटन पर मौसम के बदलाव का प्रभाव
पहाड़ों में होने वाली यह बर्फबारी पर्यटन व्यवसाय के लिए किसी वरदान से कम नहीं है, लेकिन स्थानीय कृषि के लिए यह मिश्रित परिणाम लेकर आती है। (Winter Snow Impact) से जहां सेब के बागानों को लाभ मिलने की उम्मीद है, वहीं मैदानी इलाकों में पड़ने वाला पाला और कोहरा फसलों के लिए चुनौती बन सकता है। पर्यटन विभाग को उम्मीद है कि बर्फबारी की खबर से मसूरी, औली और धनोल्टी जैसे क्षेत्रों में पर्यटकों की आवक में भारी उछाल आएगा।
सुरक्षित यात्रा के लिए प्रशासन की विशेष एडवाइजरी
घने कोहरे और बर्फबारी की चेतावनी के बीच प्रशासन ने पहाड़ों की यात्रा करने वाले ड्राइवरों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी की है। (Travel Safety Advisory) में कहा गया है कि फिसलन वाली सड़कों और कम दृश्यता के दौरान वाहन चलाते समय अतिरिक्त सावधानी बरतें। विशेष रूप से रात के सफर से बचने और वाहन की लाइटों को ठीक रखने की सलाह दी गई है ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
नए साल का जश्न और कुदरत का तोहफा
कुल मिलाकर, उत्तराखंड में नए साल का आगाज बर्फ की फुहारों और कोहरे की चादर के साथ होने जा रहा है। (New Year Celebration) का आनंद लेने पहुंच रहे लोगों के लिए प्रकृति ने अपना खजाना खोल दिया है। बस जरूरत है तो थोड़ी सावधानी और सही प्लानिंग की, ताकि आप साल के इस आखिरी दिन और नई शुरुआत को यादगार बना सकें। ठिठुरती ठंड के बीच गर्म चाय की चुस्की और बर्फबारी का नजारा इस बार 2026 के स्वागत को शानदार बना देगा।



