JanataDarshan – सीएम योगी ने सुनीं फरियादें, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
JanataDarshan – उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को आयोजित ‘जनता दर्शन’ कार्यक्रम में प्रदेश के विभिन्न जिलों से पहुंचे लोगों की समस्याएं सुनीं और उनके समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए। इस दौरान उन्होंने दोहराया कि जनसेवा सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है और हर पात्र व्यक्ति की समस्या का समाधान तय समय सीमा के भीतर होना चाहिए।

फरियादियों से सीधे संवाद में दिखी सक्रियता
जनता दर्शन के दौरान मुख्यमंत्री ने एक-एक कर फरियादियों से मुलाकात की और उनकी शिकायतों को ध्यानपूर्वक सुना। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि हर प्रकरण को गंभीरता से लिया जाए और तय समय में उसका निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उन्हें प्रभावी तरीके से जमीन पर लागू करना है।
बरेली की महिला को मिली तत्काल राहत का भरोसा
कार्यक्रम में बरेली से आईं दीप्ति ने अपनी आर्थिक स्थिति और पारिवारिक समस्याओं को मुख्यमंत्री के सामने रखा। उन्होंने बताया कि वह किराए के घर में रहती हैं और ठेला लगाकर परिवार का भरण-पोषण करती हैं, जिससे बच्चों की देखभाल और शिक्षा में कठिनाई हो रही है। इस पर मुख्यमंत्री ने तुरंत बरेली के जिलाधिकारी को निर्देशित किया कि संबंधित महिला को प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना का लाभ दिलाया जाए और उनकी समस्या का शीघ्र समाधान किया जाए।
मुख्यमंत्री की इस संवेदनशील पहल से महिला भावुक हो गईं और उन्होंने कार्यक्रम से लौटते समय आभार व्यक्त किया।
आवास से जुड़े मामलों में भी दिए निर्देश
जनता दर्शन में कुछ लोगों ने आवास की मांग को लेकर आवेदन प्रस्तुत किए। मुख्यमंत्री ने उनकी बात सुनते हुए आश्वस्त किया कि सरकार पात्र लोगों को प्रधानमंत्री आवास योजना और मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत घर उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने संबंधित जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी आवेदनों की जांच कर पात्रता के आधार पर लाभ सुनिश्चित किया जाए।
इस आश्वासन के बाद कई फरियादियों ने राहत महसूस की और सरकार के प्रति विश्वास जताया।
इलाज और शिक्षा से जुड़े मामलों पर विशेष ध्यान
कार्यक्रम के दौरान कुछ लोगों ने इलाज के लिए आर्थिक सहायता की मांग रखी। इस पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मरीजों के इलाज का अनुमान तैयार कर तत्काल शासन को भेजा जाए। उन्होंने यह भी कहा कि मरीज के परिवार को चिंता करने की जरूरत नहीं है, सरकार इलाज में पूरा सहयोग करेगी।
इसके अलावा कुछ अभिभावकों ने बच्चों की पढ़ाई को लेकर अपनी चिंताएं साझा कीं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी बच्चे की शिक्षा आर्थिक कारणों से बाधित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि स्कूल प्रबंधन के साथ समन्वय बनाकर बच्चों की पढ़ाई जारी रखने की व्यवस्था की जाए।
अवैध कब्जे और पुलिस मामलों में सख्ती के निर्देश
जनता दर्शन में अवैध कब्जे और पुलिस से जुड़े मामलों की शिकायतें भी सामने आईं। मुख्यमंत्री ने इन मामलों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसी शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर होना चाहिए और पीड़ितों को संतुष्टि मिलनी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक अधिकारियों को यह भी याद दिलाया कि जनता की समस्याओं के प्रति संवेदनशीलता और जवाबदेही बनाए रखना जरूरी है, ताकि लोगों का विश्वास कायम रहे।