Amroha-Murder – पड़ोसी के चाकू से महिला की मौत, गांव में तनाव
Amroha-Murder – अमरोहा जिले के पचोकरा मेहरबान अली गांव में बुधवार दोपहर हुई एक सनसनीखेज घटना ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया। पड़ोस में रहने वाले युवक द्वारा 30 वर्षीय विवाहिता रूबी की चाकू से हत्या किए जाने के बाद गांव में भारी आक्रोश फैल गया। गुस्साए परिजनों और बिरादरी के लोगों ने शव को घेरकर हंगामा किया और आरोपी के घर पर तोड़फोड़ कर दी। हालात इतने तनावपूर्ण हो गए कि पुलिस को आरोपी को सुरक्षित निकालने के लिए असामान्य तरीका अपनाना पड़ा।

वारदात कैसे हुई
ग्रामीणों के अनुसार, रूबी अपने परिचित के घर आयोजित मढ़े की दावत से दोपहर करीब 12 बजे लौट रही थीं। रास्ते में पड़ोसी राशन डीलर के बेटे धीरज ने उन पर चाकू से कई बार हमला कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि वार सीने पर किए गए, जिससे रूबी गंभीर रूप से घायल हो गईं। बचाव की कोशिश में उनके हाथों पर भी गहरे जख्म आए। थोड़ी ही देर में उन्होंने मौके पर दम तोड़ दिया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी अपने घर के एक कमरे में जाकर छिप गया।
पुलिस के सामने बिगड़े हालात
हत्या की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। लोग इतने आक्रोशित थे कि शाम तक शव को उठाने नहीं दिया। भीड़ बार-बार आरोपी को उनके हवाले करने की मांग करती रही और खुलेआम बदला लेने की बात कहती रही। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने अतिरिक्त बल बुलाया, लेकिन फिर भी लोगों को शांत करना आसान नहीं था।
आरोपी को निकालने की जोखिम भरी रणनीति
पुलिस को आशंका थी कि अगर आरोपी धीरज भीड़ के हाथ लग गया तो बड़ी अनहोनी हो सकती है। इसलिए अधिकारियों ने सूझबूझ दिखाते हुए उसे पुलिस की वर्दी पहनाई, चेहरे पर मास्क लगवाया और हेलमेट पहनाकर अपने साथ बाहर निकाला। यह प्रक्रिया बेहद गोपनीय तरीके से की गई, ताकि परिजनों को भनक न लगे। हालांकि कुछ लोगों ने उसे पुलिस वाहन में बैठते देख लिया, जिससे दोबारा गुस्सा भड़क गया।
तोड़फोड़ और सुरक्षा घेरे
आक्रोशित भीड़ ने पहले राशन डीलर बृजपाल के घर में तोड़फोड़ की और फिर पास में खड़े ई-रिक्शा व कुर्सियां भी क्षतिग्रस्त कर दीं। यह सब पुलिस की मौजूदगी में हुआ। इसके बाद प्रशासन ने आरोपी के घर को अपने नियंत्रण में ले लिया और घटनास्थल से शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे जाने तक वहां सुरक्षा बल तैनात रखा।
गांव में तनाव का माहौल
घटना के बाद पूरे गांव में तनाव साफ दिखाई दे रहा था। मृतका के घर से लेकर आसपास के घरों की छतों तक लोग जमा थे। बार-बार पुलिस समझाने की कोशिश करती, लेकिन लोगों का गुस्सा कम नहीं हो रहा था। दो अलग-अलग जातियों से जुड़े परिवार होने के कारण आपसी टकराव की आशंका भी बनी हुई थी, इसलिए रात तक पुलिस और पीएसी तैनात रही।
वैज्ञानिक जांच और साक्ष्य संकलन
एसपी अमित कुमार आनंद के निर्देश पर फिंगरप्रिंट विशेषज्ञों की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने घटनास्थल के साथ-साथ आसपास के घरों और छतों पर भी जांच की और जरूरी साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने आरोपी के मोबाइल और अन्य सामान भी कब्जे में लेकर पड़ताल शुरू कर दी है।
अधिकारियों की मौजूदगी और समझाइश
स्थिति संभालने के लिए एसपी अमित कुमार आनंद और एएसपी अखिलेश भदौरिया स्वयं मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता और सख्त कानूनी कार्रवाई का भरोसा दिलाया, जिसके बाद करीब छह घंटे बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा सका। कई थानों की पुलिस और पीएसी को तैनात किया गया ताकि शांति बनी रहे।
जनप्रतिनिधियों की भूमिका
घटना की गंभीरता देखते हुए स्थानीय जनप्रतिनिधि भी गांव पहुंचे। नौगावां के सपा विधायक समरपाल सिंह, अमरोहा पालिका से जुड़े प्रतिनिधि और बसपा जिलाध्यक्ष सोमपाल सिंह सहित अन्य लोग ग्रामीणों को समझाने में जुटे रहे। उनका प्रयास था कि माहौल शांत रहे और कानून को अपना काम करने दिया जाए।
पुलिस का बयान और आगे की कार्रवाई
एसपी अमित कुमार आनंद ने बताया कि आरोपी धीरज हिरासत में है और उससे पूछताछ की जा रही है। पीड़ित परिवार की तहरीर के आधार पर प्राथमिकी दर्ज की जा रही है। हत्या के पीछे का कारण अभी स्पष्ट नहीं है और जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति साफ होगी।



