T20WorldCup2026 – पावरप्ले में चूका भारत, 76 रन से हार
T20WorldCup2026 – टी20 विश्व कप 2026 के सुपर-8 चरण में भारत को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 76 रन से हार का सामना करना पड़ा। मुकाबला रविवार को खेला गया, जहां पहले बल्लेबाजी करते हुए दक्षिण अफ्रीका ने 20 ओवर में सात विकेट पर 187 रन बनाए। जवाब में भारतीय टीम 18.5 ओवर में 111 रन पर सिमट गई। मैच के बाद कप्तान सूर्यकुमार यादव ने साफ शब्दों में स्वीकार किया कि टीम शुरुआती छह ओवरों में ही पिछड़ गई और वहीं से मुकाबला हाथ से निकल गया।

कप्तान ने मानी पावरप्ले में चूक
हार के बाद बातचीत में सूर्यकुमार यादव ने कहा कि बड़े लक्ष्य का पीछा करते समय पावरप्ले बेहद अहम होता है। उनके अनुसार 180 से ज्यादा रन का पीछा करते हुए टीम उस चरण में मैच जीत नहीं सकती, लेकिन जरूर गंवा सकती है। भारतीय बल्लेबाजों ने शुरुआती ओवरों में लगातार विकेट खो दिए, जिससे रन गति पर असर पड़ा और मध्यक्रम पर अतिरिक्त दबाव बन गया। उन्होंने यह भी कहा कि गेंदबाजों ने शुरुआत में अच्छा काम किया था, लेकिन बल्लेबाजी उस लय को आगे नहीं बढ़ा सकी। छोटी-छोटी साझेदारियों की कमी ने स्थिति और कठिन बना दी।
शुरुआती झटकों से बिखरी पारी
188 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत निराशाजनक रही। पहले ही ओवर में सलामी बल्लेबाज ईशान किशन बिना खाता खोले लौट गए। इसके बाद मार्को यानसेन ने तिलक वर्मा को एक रन पर आउट कर भारत को दूसरा झटका दिया। पावरप्ले के भीतर दो बड़े विकेट गिरने से रन बनाने की गति थम गई। अभिषेक शर्मा से उम्मीद थी कि वह बड़ी पारी खेलेंगे, लेकिन वह भी लय नहीं पकड़ सके और 15 रन बनाकर आउट हो गए। शुरुआती क्रम के लड़खड़ाने से लक्ष्य का दबाव लगातार बढ़ता गया।
मध्यक्रम की कोशिश भी नाकाफी
पारी संभालने की जिम्मेदारी मध्यक्रम पर आई, लेकिन वहां भी स्थिरता नहीं दिखी। शिवम दुबे ने जरूर 42 रन की उपयोगी पारी खेलकर संघर्ष का संकेत दिया, पर उन्हें दूसरे छोर से पर्याप्त सहयोग नहीं मिला। रिंकू सिंह खाता भी नहीं खोल सके। विकेट नियमित अंतराल पर गिरते रहे और टीम 19वें ओवर से पहले ही ढेर हो गई। रन चेज में संयम और साझेदारी की जो जरूरत थी, वह पूरी नहीं हो पाई।
दक्षिण अफ्रीका की सधी हुई गेंदबाजी
दक्षिण अफ्रीका के गेंदबाजों ने योजनाबद्ध तरीके से दबाव बनाए रखा। मार्को यानसेन ने चार विकेट लेकर भारतीय बल्लेबाजी की रीढ़ तोड़ दी। केशव महाराज ने तीन महत्वपूर्ण विकेट झटके और रन गति को नियंत्रित रखा। कॉर्बिन बॉश और एडेन मार्करम ने भी अहम मौकों पर सफलता हासिल की। गेंदबाजों की विविधता और सटीक लाइन-लेंथ ने भारतीय बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया।
पहले बल्लेबाजी में मजबूत आधार
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी दक्षिण अफ्रीका ने शुरुआती झटकों के बावजूद संतुलित पारी खेली। मध्यक्रम के बल्लेबाजों ने धैर्य और आक्रामकता का संतुलन बनाते हुए स्कोर 187 तक पहुंचाया। अंतिम ओवरों में तेजी से रन जोड़कर उन्होंने भारत के सामने प्रतिस्पर्धी लक्ष्य रखा। भारतीय गेंदबाजों ने बीच के ओवरों में नियंत्रण बनाए रखने की कोशिश की, लेकिन अंत में विपक्षी टीम बढ़त लेने में सफल रही।
आगे की चुनौती
सुपर-8 चरण में यह हार भारत के लिए चेतावनी की तरह है। टूर्नामेंट के इस अहम दौर में हर मैच का महत्व बढ़ जाता है। टीम को अब अपनी बल्लेबाजी क्रम में स्थिरता लाने और पावरप्ले में बेहतर प्रदर्शन करने पर ध्यान देना होगा। कप्तान ने भी संकेत दिया है कि आने वाले मुकाबलों में रणनीति पर फिर से काम किया जाएगा। अगर टीम को आगे बढ़ना है तो शुरुआती ओवरों में संतुलन और धैर्य दिखाना अनिवार्य होगा।



