New Year 2026 Celebration Jaunpur: आस्था की गूँज और खिलखिलाती धूप, जौनपुर में नए साल का हुआ, ऐसा भव्य स्वागत…
New Year 2026 Celebration Jaunpur: वर्ष 2026 की पहली सुबह जौनपुर के वासियों के लिए खुशियों की सौगात लेकर आई। सुबह के वक्त घने कोहरे की आशंका थी, लेकिन जल्द ही सुनहरी धूप ने (Weather Forecast) को झुठलाते हुए पूरे शहर को अपनी आगोश में ले लिया। मौसम साफ होते ही लोग अपने घरों से बाहर निकल आए और नए साल का स्वागत अपने आराध्य देवों के दर्शन और अपनों को बधाइयां देकर किया। धूप की गर्माहट ने लोगों के उत्साह को दोगुना कर दिया।

शक्तिपीठों पर उमड़ा आस्था का महासागर
जौनपुर की प्रसिद्ध मां शीतला चौकिया धाम में सुबह से ही भक्तों का तांता लगा रहा। प्रशासनिक आंकड़ों की मानें तो करीब 50 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने (Religious Tourism) के इस प्रमुख केंद्र पर मत्था टेका। मंदिर परिसर का नजारा बिल्कुल वैसा ही था जैसा शारदीय नवरात्र के दौरान होता है। मां शारदा और मैहर देवी मंदिर में भी भक्तों ने कतारबद्ध होकर शांति और समृद्धि की कामना की, जिससे पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया।
ऐतिहासिक धरोहरों पर पर्यटकों का जमावड़ा
धार्मिक स्थलों के साथ-साथ जौनपुर के ऐतिहासिक स्थलों जैसे शाही किला और लोहिया पार्क में भी जबरदस्त भीड़ देखी गई। शाही किला घूमने वालों की संख्या सामान्य दिनों के मुकाबले (Tourist Inflow) के मामले में दोगुनी हो गई। लोग अपने बच्चों और परिवार के साथ धूप का आनंद लेते नजर आए। गोमती नदी के तट पर सद्भावना पुल और शाही पुल के बीच हजारों की भीड़ ने नौकायन का लुत्फ उठाया और खुशियों के पल साझा किए।
पिकनिक और पार्टियों के बीच थिरका युवा मन
पिकनिक मनाने के शौकीनों के लिए लोहिया पार्क आकर्षण का मुख्य केंद्र रहा। प्रशासन ने भीड़ को देखते हुए पार्क को तड़के पांच बजे ही खोल दिया था। बच्चों के लिए लगाए गए मिकी माउस और खिलौना कारों ने (Family Outing) का मजा और बढ़ा दिया। शहर के होटलों और रेस्टोरेंट में केक काटकर और लजीज व्यंजनों का स्वाद लेकर लोगों ने जश्न मनाया। शाम होते-होते क्लबों में संगीत की धुनों पर युवा थिरकते नजर आए।
डिजिटल युग में बधाइयों का दौर और खुशहाली
सोशल मीडिया और फोन कॉल्स के जरिए बधाइयां देने का सिलसिला रात 12 बजे से ही शुरू हो गया था, जो पूरे दिन चलता रहा। नए साल का यह (Social Celebration) जौनपुर के भाईचारे और उल्लास की मिसाल पेश कर गया। लोगों ने न केवल निजी सुख बल्कि समाज के कल्याण की भी कामना की। व्यापारिक प्रतिष्ठानों से लेकर सार्वजनिक स्थलों तक हर तरफ नए साल की नई उमंग दिखाई दे रही थी।



