MumbaiCivicElection – बीएमसी में रितु तावड़े को मिला नई महापौर का दर्जा, घाड़ी उपमहापौर
MumbaiCivicElection – बृहन्मुंबई नगर निगम में बुधवार को नई नेतृत्व टीम का चयन सर्वसम्मति से हो गया। भाजपा की पार्षद रितु तावड़े को निर्विरोध महापौर चुना गया, जबकि शिवसेना (शिंदे गुट) के संजय घाड़ी उप महापौर पद पर निर्वाचित हुए। विपक्षी दलों ने इस बार अपने उम्मीदवार मैदान में नहीं उतारे, जिससे चुनाव की प्रक्रिया बिना मतदान के पूरी हो सकी। लगभग चार वर्षों से प्रशासनिक व्यवस्था के तहत चल रही नगर निगम को अब निर्वाचित नेतृत्व मिल गया है, जिसे शहर की राजनीति में अहम मोड़ के रूप में देखा जा रहा है।

सर्वसम्मति से बनी नई टीम
शिवसेना (यूबीटी), कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों द्वारा उम्मीदवार नहीं उतारे जाने से चुनावी मुकाबले की स्थिति नहीं बनी। परिणामस्वरूप, तावड़े और घाड़ी का चयन सर्वसम्मति से हुआ। बीएमसी मुख्यालय में पार्षदों की मौजूदगी में औपचारिक घोषणा की गई और बाद में दोनों नेताओं ने नगर आयुक्त भूषण गगरानी से कार्यभार ग्रहण किया। इस दौरान सदन में गठबंधन के पक्ष में नारे भी लगाए गए। लंबे अंतराल के बाद चुनी हुई परिषद के नेतृत्व में नगर निगम का संचालन शुरू होना प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
राज्य नेतृत्व की प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने दोनों नेताओं को बधाई देते हुए इसे जनादेश की अभिव्यक्ति बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि गठबंधन ने पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित प्रशासन का वादा किया था और अब उसे पूरा करने की जिम्मेदारी नई टीम पर है। उन्होंने यह भी कहा कि मुंबई के विकास को गति देने के लिए राज्य सरकार हरसंभव सहयोग करेगी। उपमुख्यमंत्री शिंदे ने उम्मीद जताई कि नई महापौर शहर के बुनियादी ढांचे और नागरिक सेवाओं से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता देंगी।
रितु तावड़े की भूमिका और प्राथमिकताएं
रितु तावड़े को पार्टी का अनुभवी और सक्रिय चेहरा माना जाता है। उन्होंने पार्षद के रूप में विभिन्न नागरिक मुद्दों को सदन में उठाया है। माना जा रहा है कि स्वच्छता, जल निकासी, सड़क सुधार और स्वास्थ्य सेवाओं जैसे विषयों पर उनका विशेष ध्यान रहेगा। महापौर पद संभालने के बाद उन्होंने कहा कि मुंबई जैसे महानगर की अपेक्षाएं बड़ी हैं और टीम भावना से काम करना उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने पार्षदों के सहयोग से विकास योजनाओं को आगे बढ़ाने की बात दोहराई।
संजय घाड़ी के अनुभव से उम्मीदें
उप महापौर चुने गए संजय घाड़ी लंबे समय से शिवसेना से जुड़े रहे हैं और संगठनात्मक अनुभव रखते हैं। मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि एक वरिष्ठ शिवसैनिक के रूप में उनका अनुभव नगर निगम के कामकाज में उपयोगी साबित होगा। घाड़ी ने भी कहा कि वे महापौर के साथ मिलकर नागरिक सुविधाओं में सुधार और प्रशासनिक समन्वय पर ध्यान देंगे। शहर के तेजी से बढ़ते दबाव को देखते हुए बुनियादी ढांचे को मजबूत करना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा।
चार साल बाद खत्म हुआ प्रशासनिक दौर
नगर निकाय में बीते चार वर्षों से प्रशासनिक नियंत्रण की व्यवस्था लागू थी। निर्वाचित प्रतिनिधियों की अनुपस्थिति में निर्णय लेने की प्रक्रिया सीमित दायरे में संचालित हो रही थी। अब चुनी हुई महापौर और उप महापौर के पदभार संभालने से राजनीतिक जवाबदेही और नीति निर्धारण की दिशा में नया चरण शुरू हो गया है। इसे मुंबई के प्रशासनिक ढांचे में संतुलन बहाल करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
आगे की राह और चुनौतियां
मुंबई जैसे महानगर के सामने बुनियादी सुविधाओं का विस्तार, यातायात प्रबंधन, तटीय संरक्षण और स्वास्थ्य सेवाओं की मजबूती जैसी कई चुनौतियां हैं। महायुति गठबंधन ने शहर के विकास को नई गति देने का भरोसा दिलाया है। आने वाले महीनों में यह देखना अहम होगा कि नई नेतृत्व टीम किस तरह योजनाओं को जमीन पर उतारती है और नागरिकों की अपेक्षाओं पर कितना खरा उतरती है। फिलहाल, बीएमसी में नेतृत्व परिवर्तन ने राजनीतिक हलकों में नई चर्चा को जन्म दे दिया है।



