Makki Ki Roti Recipe Secrets: अब बिना टूटे रुई जैसी मुलायम बनेगी सर्दियों की जान मक्के की रोटी, देखें विधि
Makki Ki Roti Recipe Secrets: कड़कड़ाती ठंड के मौसम में सरसों का साग और मक्के की रोटी का नाम सुनते ही मुंह में पानी आ जाता है। उत्तर भारत, विशेषकर पंजाब की यह पारंपरिक डिश (Winter Special Food India) न केवल स्वाद में लाजवाब है, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी बेहद फायदेमंद मानी जाती है। हालांकि, मक्के का आटा ग्लूटेन-मुक्त होने के कारण इसकी रोटियां बनाना कई लोगों के लिए एक बड़ी चुनौती साबित होता है। अक्सर रोटियां बेलते समय टूट जाती हैं या किनारे फटने लगते हैं, लेकिन अगर कुछ खास युक्तियों का पालन किया जाए, तो आप भी घर पर ढाबा स्टाइल रोटियां तैयार कर सकते हैं।

गांव और देहात का पारंपरिक तरीका: हथेली का जादू
अगर आप असली पंजाबी स्वाद चाहते हैं, तो आपको उस पारंपरिक तरीके को समझना होगा जो आज भी गांवों में चूल्हे पर रोटियां बनाने के लिए (Traditional Cooking Methods) इस्तेमाल किया जाता है। सबसे पहले मक्के के आटे को अच्छे से छान लें ताकि उसमें कोई गुठली न रहे। इसमें गुनगुने पानी का उपयोग करना सबसे महत्वपूर्ण है। आटे को गूंथते समय उंगलियों के बजाय हथेली के निचले हिस्से से रगड़ना चाहिए। जितना अधिक आप आटे को मलेंगे, उसमें उतना ही लचीलापन आएगा और रोटियां फटने की संभावना कम हो जाएगी।
बिना बेलन के पानी की मदद से कैसे बनाएं रोटियां
गांवों में महिलाएं अक्सर मक्के की रोटी को चकले-बेलन के बिना ही तैयार करती हैं। इसके लिए आटे की लोई बनाकर हथेलियों पर थोड़ा सा पानी (Handmade Flatbread Techniques) लगाया जाता है। धीरे-धीरे थपथपाते हुए लोई को बड़ा किया जाता है ताकि वह एक गोल आकार ले ले। यदि आप पानी के साथ सहज नहीं हैं, तो हाथों पर हल्का सा घी या तेल लगाकर भी रोटी को बढ़ा सकते हैं। यह तरीका रोटी को एक खास बनावट और देसी सोंधापन देता है जो आधुनिक तरीकों से नहीं मिल पाता।
बिगिनर्स के लिए पॉलिथीन और बटर पेपर वाली ट्रिक
जो लोग पहली बार मक्के की रोटी बनाने की कोशिश कर रहे हैं और उनसे रोटियां नहीं गोल बन पा रही हैं, उनके लिए एक बेहतरीन शॉर्टकट (Easy Kitchen Hacks) उपलब्ध है। आप किसी साफ पॉलिथीन या बटर पेपर का इस्तेमाल कर सकते हैं। बस कागज पर लोई रखें, उसे दूसरी तरफ से कवर करें और हल्के हाथ से बेल लें। इससे रोटी चिपकेगी नहीं और आप आसानी से उसे उठाकर तवे पर डाल पाएंगे। यह तरीका उन लोगों के लिए वरदान है जिन्हें बाजरे या मक्के जैसी रोटियां बेलने में डर लगता है।
उबालते पानी का दूसरा आधुनिक तरीका: सॉफ्टनेस की गारंटी
मक्के की रोटी को रुई जैसा मुलायम बनाने का एक और वैज्ञानिक तरीका है पानी को उबालकर आटा लगाना। यदि आप दो कप आटा ले रहे हैं, तो करीब डेढ़ कप पानी (Soft Dough Making Process) गरम करें। जब पानी खौलने लगे, तो गैस बंद कर दें और धीरे-धीरे आटा मिलाते जाएं। इस मिश्रण को 10 मिनट के लिए ढंककर छोड़ दें। भाप की वजह से आटा फूल जाता है और बेहद नरम हो जाता है। बाद में इसे हल्का घी लगाकर मल लें, जिससे रोटियां बेलते समय बिल्कुल भी नहीं टूटेंगी और फूलकर कुप्पा हो जाएंगी।
धीमी आंच पर सिकाई: स्वाद और सेहत का मेल
रोटी को तवे पर डालने के बाद उसे तुरंत पलटने की जल्दबाजी न करें, वरना वह बीच से टूट सकती है। मक्के की रोटी को हमेशा (Slow Cooking Benefits) मध्यम से धीमी आंच पर ही सेंकना चाहिए ताकि वह अंदर तक पक जाए। अगर आप पारंपरिक स्वाद चाहते हैं, तो तवे से उतारने के बाद उसे सीधे गैस की आंच पर फुलाएं। अच्छी तरह सिकी हुई रोटी पर जब देसी घी की परत चढ़ती है, तो उसका स्वाद कई गुना बढ़ जाता है। धीमी आंच पर पकने के कारण इसमें एक अलग तरह का कुरकुरापन भी आता है।
घी का सही उपयोग: रोटी को रखे लंबे समय तक ताज़ा
अक्सर मक्के की रोटियां ठंडी होने के बाद सख्त हो जाती हैं, लेकिन अगर आप सेंकते समय ही तवे पर एक चम्मच घी (Healthy Fats in Diet) लगाकर उसे दोनों तरफ से पकाते हैं, तो वह लंबे समय तक नरम बनी रहती है। घी न केवल स्वाद बढ़ाता है बल्कि मक्के के रूखेपन को खत्म कर पाचन में भी मदद करता है। पंजाबी रसोइयों में घी का उदारतापूर्वक उपयोग ही वहाँ की रोटियों को खास बनाता है। मक्के की गरम-गरम रोटी पर मक्खन का एक टुकड़ा इसे और भी जायकेदार बना देता है।
सरसों के साग के साथ लीजिए पूर्ण आनंद
आपकी गरमा-गरम, फूली-फूली पंजाबी स्टाइल मक्के की रोटी अब परोसने के लिए तैयार है। इसे लहसुन और लाल मिर्च के तड़के वाले (Sarson Ka Saag Pairing) सरसों के साग, गुड़ और सफेद मक्खन के साथ खाना एक पूर्ण अनुभव होता है। सर्दियों की दोपहर में धूप में बैठकर इस थाली का आनंद लेना किसी उत्सव से कम नहीं है। अब आपको होटल जाने की जरूरत नहीं, बस इन छोटी-छोटी ट्रिक्स को अपनाएं और अपने परिवार को घर पर ही सेहतमंद और स्वादिष्ट भोजन का तोहफा दें।



