Spain Train Crash 2026: दो ट्रेनों की भीषण भिड़ंत ने मचाई तबाही, 39 शवों को देखकर कांप गई रूह
Spain Train Crash 2026: स्पेन के अंडालूसिया क्षेत्र में रविवार की रात खुशियों के बजाय मातम लेकर आई जब एक भीषण रेल दुर्घटना ने पूरे यूरोप को हिलाकर रख दिया। स्थानीय प्रशासन ने पुष्टि की है कि इस भयावह (Fatal Train Derailment) के कारण अब तक 39 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। कोर्डोबा प्रांत के आदमूज़ इलाके में हुई इस टक्कर ने सुरक्षा इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि यह हादसा एक सीधे ट्रैक पर हुआ जहाँ दुर्घटना की गुंजाइश न के बराबर थी।

कैसे एक के बाद एक पलटते गए डिब्बे
हादसे की शुरुआत तब हुई जब मलागा से मैड्रिड की ओर जा रही एक निजी ट्रेन अचानक अनियंत्रित होकर पटरी से उतर गई। मलबे का ढेर और पीछे के डिब्बे (High Speed Collision) के कारण विपरीत दिशा से आ रही दूसरी ट्रेन के ट्रैक पर जा गिरे। दूसरी ट्रेन जो राष्ट्रीय रेल कंपनी द्वारा संचालित थी, सेविले से हुएलवा की ओर जा रही थी और वह सीधे इस मलबे से टकरा गई, जिससे डिब्बे खिलौनों की तरह बिखर गए।
परिवहन मंत्री का बयान और जांच के आदेश
स्पेन के परिवहन मंत्री ऑस्कर पुएंते ने इस पूरी घटना को अत्यंत चौंकाने वाला और दुखद करार दिया है। उन्होंने मीडिया को बताया कि (Railway Safety Investigation) की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है ताकि यह पता लगाया जा सके कि ट्रैक के बिल्कुल सीधे हिस्से पर ट्रेन आखिर बेपटरी कैसे हुई। फिलहाल तकनीकी खराबी या मानवीय भूल, दोनों ही पहलुओं पर बारीकी से गौर किया जा रहा है ताकि भविष्य में ऐसी तबाही को रोका जा सके।
चश्मदीदों की जुबानी मौत का तांडव
ट्रेन में सवार यात्रियों के लिए वह पल किसी कयामत से कम नहीं था जब अचानक एक जोरदार धमाका हुआ। हादसे के वक्त मौजूद पत्रकार सल्वाडोर जिमेनेज ने बताया कि उन्हें (Eyewitness Trauma Reports) जैसा महसूस हुआ और अचानक पूरी ट्रेन हिलने लगी। यात्रियों में चीख-पुकार मच गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए आपातकालीन हथौड़ों से खिड़कियां तोड़कर अंधेरे में बाहर की ओर भागने लगे।
अंधेरी रात में बचाव कार्य की चुनौतियां
दुर्घटना शाम के करीब 7:45 बजे हुई, जिससे बचाव दल को अंधेरे के कारण काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। मलबे में दबे सैकड़ों यात्रियों को निकालने के लिए (Emergency Rescue Operation) को पूरी रात जारी रखा गया। क्षेत्रीय सरकार के अध्यक्ष जुआनमा मोरेनो ने आशंका जताई है कि जैसे-जैसे क्षतिग्रस्त डिब्बों को काटा जाएगा, मृतकों का आंकड़ा अभी और भी ज्यादा बढ़ सकता है।
मलबे के बीच से उठती चीखें और डरावने हालात
घटनास्थल से जो तस्वीरें और वीडियो सामने आए हैं, वे किसी के भी रोंगटे खड़े करने के लिए काफी हैं। टूटे हुए डिब्बे खतरनाक कोण पर झुके हुए थे और (Public Transport Accident) के शिकार लोग खून से लथपथ होकर मदद की गुहार लगा रहे थे। कई डिब्बे तो एक-दूसरे के ऊपर चढ़ गए थे, जिससे अंदर फंसे लोगों तक पहुंचना अग्निशमन दल के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया था।
पीड़ितों के परिजनों के लिए विशेष सहायता केंद्र
हादसे के तुरंत बाद स्पेन की राष्ट्रीय रेल संचालक कंपनी ने विभिन्न शहरों में हेल्पडेस्क स्थापित कर दिए हैं। मैड्रिड, सेविले, कोर्डोबा और मलागा के स्टेशनों पर (Victim Support Services) शुरू की गई हैं ताकि परिजनों को अपने प्रियजनों के बारे में सही जानकारी मिल सके। इसके साथ ही अंडालूसिया की क्षेत्रीय सरकार ने घटनास्थल के पास ही एक अस्थायी चिकित्सा केंद्र बनाया है जहाँ घायलों का प्राथमिक उपचार किया जा रहा है।
क्षतिग्रस्त डिब्बों में फंसी जिंदगी की तलाश
कोर्डोबा के अग्निशमन प्रमुख पाको कारमोना ने बताया कि उनकी टीम का मुख्य ध्यान उन दो डिब्बों पर है जो सबसे ज्यादा पिचक गए हैं। माना जा रहा है कि (Severe Structural Damage) वाले इन डिब्बों में अभी भी कुछ लोग फंसे हो सकते हैं। हाइड्रोलिक कटर और भारी क्रेन की मदद से मलबे को हटाने का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है ताकि किसी भी जीवित बचे व्यक्ति को जल्द से जल्द निकाला जा सके।
स्पेन में रेल यातायात पर लगा ब्रेक
इस भीषण त्रासदी के बाद स्पेन की सरकारी रेल एजेंसी ने कड़ा फैसला लेते हुए प्रमुख शहरों के बीच रेल सेवा को बाधित कर दिया है। सोमवार को मैड्रिड और दक्षिणी अंडालूसिया के बीच (Train Schedule Suspension) लागू रहेगा ताकि ट्रैक की मरम्मत और जांच का काम पूरा किया जा सके। यात्रियों को वैकल्पिक मार्गों या परिवहन के अन्य साधनों का उपयोग करने की सलाह दी गई है।
भविष्य की सुरक्षा और उठते बड़े सवाल
यह हादसा स्पेन के आधुनिक रेल इतिहास के सबसे काले पन्नों में दर्ज हो गया है, जिसने तकनीक पर भरोसे को हिला दिया है। विशेषज्ञों का कहना है कि (Rail Infrastructure Modernization) के बावजूद ऐसी घटनाओं का होना यह दर्शाता है कि कहीं न कहीं निगरानी में बड़ी चूक हुई है। पूरा देश इस समय शोक में डूबा हुआ है और सरकार ने मृतकों के सम्मान में आधिकारिक शोक की घोषणा करने की तैयारी कर ली है।



