MarketCrash – बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ शेयर बाजार
MarketCrash – घरेलू शेयर बाजार में सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिन जोरदार गिरावट दर्ज की गई। दिनभर उतार-चढ़ाव के बीच कारोबार करने के बाद अंत में बाजार भारी दबाव में बंद हुआ। सेंसेक्स में लगभग 1000 अंकों की गिरावट देखने को मिली, जबकि निफ्टी भी फिसलकर 25500 के नीचे बंद हुआ। निवेशकों के लिए यह सत्र चिंता बढ़ाने वाला रहा।

शुरुआती मजबूती नहीं टिक सकी
कारोबार की शुरुआत सामान्य रही, लेकिन कुछ ही घंटों में बाजार पर बिकवाली हावी हो गई। कई प्रमुख शेयरों में तेज गिरावट दर्ज की गई, जिससे प्रमुख सूचकांकों पर दबाव बढ़ता गया। बैंकिंग, आईटी और ऑटो सेक्टर में खासतौर पर कमजोरी देखने को मिली।
विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक संकेतों की कमजोरी और विदेशी निवेशकों की बिकवाली ने बाजार की धारणा को प्रभावित किया। इसके चलते निवेशकों ने मुनाफावसूली का रुख अपनाया।
सेंसेक्स और निफ्टी में तेज गिरावट
कारोबार के अंत तक बीएसई सेंसेक्स करीब 1000 अंक टूटकर नीचे बंद हुआ। वहीं एनएसई निफ्टी भी महत्वपूर्ण स्तर 25500 से नीचे फिसल गया। बाजार की इस गिरावट ने निवेशकों की चिंताओं को बढ़ा दिया है।
मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी दबाव देखा गया। हालांकि कुछ चुनिंदा शेयरों में हल्की मजबूती रही, लेकिन व्यापक बाजार का रुख नकारात्मक रहा।
किन सेक्टरों में ज्यादा असर
बैंकिंग और वित्तीय सेवाओं से जुड़े शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा आईटी कंपनियों के शेयरों में भी बिकवाली का दबाव रहा। ऊर्जा और मेटल सेक्टर में भी कमजोरी देखने को मिली।
बाजार जानकारों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजारों में अस्थिरता और आर्थिक संकेतकों को लेकर अनिश्चितता का असर घरेलू बाजार पर पड़ा है। निवेशक फिलहाल सतर्क रुख अपना रहे हैं।
निवेशकों के लिए क्या संकेत
विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसी गिरावट के दौर में घबराहट में निर्णय लेने से बचना चाहिए। लंबी अवधि के निवेशक मजबूत कंपनियों में बने रह सकते हैं, जबकि अल्पकालिक निवेशकों को जोखिम प्रबंधन पर ध्यान देना चाहिए।
आने वाले सत्रों में वैश्विक बाजारों की चाल और आर्थिक आंकड़ों पर निवेशकों की नजर रहेगी। यदि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थिरता लौटती है, तो घरेलू बाजार में भी सुधार की संभावना बन सकती है।
आगे की रणनीति
बाजार विश्लेषकों का कहना है कि तकनीकी स्तरों पर नजर रखना जरूरी होगा। यदि निफ्टी 25500 के नीचे टिकता है, तो अगले समर्थन स्तर की ओर बढ़ सकता है। वहीं सकारात्मक खबरों के साथ बाजार में तेजी की वापसी भी संभव है।
फिलहाल निवेशकों के लिए संयम और संतुलित रणनीति अपनाना ही बेहतर माना जा रहा है। बाजार की दिशा अगले कुछ कारोबारी दिनों में स्पष्ट हो सकती है।



