Temple Corridor – सोनपुर के हरिहरनाथ धाम के विकास को मिली मंजूरी
Temple Corridor – बिहार के सोनपुर के लिए बुधवार का दिन खास महत्व लेकर आया, जब राज्य कैबिनेट की पहली बैठक में बाबा हरिहरनाथ धाम के व्यापक विकास को हरी झंडी मिल गई। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में करीब 680 करोड़ रुपये की योजना को स्वीकृति दी गई। इस फैसले के तहत मंदिर परिसर को आधुनिक सुविधाओं से जोड़ते हुए एक भव्य कॉरिडोर विकसित किया जाएगा, जो काशी विश्वनाथ कॉरिडोर की तर्ज पर तैयार होगा। इस परियोजना से क्षेत्र के धार्मिक महत्व के साथ-साथ पर्यटन को भी नई दिशा मिलने की उम्मीद है।

बड़े क्षेत्र में विकसित होगा आधुनिक कॉरिडोर
सरकारी योजना के मुताबिक, प्रस्तावित कॉरिडोर करीब 65 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र में विकसित किया जाएगा। इसके लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट पहले ही तैयार की जा चुकी है, जिससे यह स्पष्ट है कि सरकार इस योजना को जल्द जमीन पर उतारने के लिए गंभीर है। इस परियोजना में मंदिर परिसर के विस्तार के साथ-साथ सुविधाओं को बेहतर बनाने पर भी जोर दिया जाएगा, ताकि श्रद्धालुओं को सहज और सुव्यवस्थित अनुभव मिल सके।
नदी तटों का भी होगा विकास
इस योजना का दायरा केवल मंदिर परिसर तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि गंगा और गंडक नदी के तटों का भी सौंदर्यीकरण किया जाएगा। इसका उद्देश्य पूरे इलाके को एक आकर्षक धार्मिक स्थल के रूप में विकसित करना है, जहां आने वाले श्रद्धालु और पर्यटक बेहतर वातावरण का अनुभव कर सकें। नदी तटों के विकास से इस क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता भी निखर कर सामने आएगी।
पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों में इस निर्णय को लेकर उत्साह देखा जा रहा है। उनका मानना है कि इस परियोजना के पूरा होने के बाद देश-विदेश से श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि होगी। इससे होटल, परिवहन और छोटे व्यवसायों को बढ़ावा मिलेगा, जिससे रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में यह योजना अहम भूमिका निभा सकती है।
सोनपुर को मिलेगी नई पहचान
लोगों का कहना है कि यह परियोजना सोनपुर को एक नई पहचान दिलाने में मदद करेगी। पहले से प्रस्तावित अन्य विकास योजनाओं के साथ मिलकर यह कॉरिडोर सारण जिले को पर्यटन के मानचित्र पर मजबूती से स्थापित कर सकता है। इससे क्षेत्र में निवेश और विकास की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।
मुख्यमंत्री के संकल्प का परिणाम
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पदभार संभालने के बाद सोनपुर दौरे के दौरान इस क्षेत्र के विकास का संकल्प लिया था। बाबा हरिहरनाथ के दर्शन के समय उन्होंने यहां व्यापक विकास की बात कही थी। अब कैबिनेट से मिली मंजूरी को उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
पहले की घोषणाओं को मिली गति
यह योजना पूरी तरह नई नहीं है। इससे पहले भी सोनपुर मेले के दौरान इस तरह के कॉरिडोर निर्माण की घोषणा की गई थी। अब कैबिनेट की मंजूरी मिलने के बाद इसे वास्तविक रूप मिलने की संभावना बढ़ गई है। इससे यह संकेत मिलता है कि सरकार अपने पुराने वादों को पूरा करने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
इस निर्णय के बाद उम्मीद की जा रही है कि आने वाले समय में सोनपुर धार्मिक पर्यटन का एक प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा, जहां आस्था और आधुनिक सुविधाओं का संतुलित संगम देखने को मिलेगा।