PoliceMisconduct – चाय के पैसे मांगने पर दुकानदार से कथित मारपीट, पुलिसकर्मियों पर लगे गंभीर आरोप
PoliceMisconduct – पटना जिले के बख्तियारपुर थाना क्षेत्र में एक चाय विक्रेता के साथ कथित मारपीट और अभद्र व्यवहार का मामला सामने आया है। आरोप है कि कुछ पुलिसकर्मियों ने दुकान पर चाय पीने के बाद जब दुकानदार ने भुगतान की मांग की, तो विवाद बढ़ गया। घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसमें पीड़ित अपनी आपबीती बताते हुए पुलिसकर्मियों पर गंभीर आरोप लगाता नजर आ रहा है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है।’

फोरलेन के पास चाय दुकान पर हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, यह घटना बख्तियारपुर थाना क्षेत्र में फोरलेन के निकट स्थित एक चाय दुकान पर हुई। आरोप है कि पुलिस वाहन से पहुंचे कुछ पुलिसकर्मियों ने चाय पी और इसके बाद दुकानदार ने उनसे भुगतान करने का अनुरोध किया। पीड़ित का दावा है कि इसी बात पर पुलिसकर्मी नाराज हो गए। आरोप है कि पहले उसके साथ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया और बाद में सार्वजनिक रूप से थप्पड़ मारकर मारपीट की गई। घटना के दौरान आसपास मौजूद लोगों ने भी पूरे घटनाक्रम को देखा।
प्रत्यक्षदर्शियों ने लगाए सामूहिक मारपीट के आरोप
स्थानीय लोगों के अनुसार, विवाद बढ़ने पर पुलिस वाहन में मौजूद अन्य पुलिसकर्मी भी मौके पर पहुंच गए। आरोप है कि सभी ने मिलकर दुकानदार के साथ मारपीट की और उसे जबरन अपने साथ ले जाने की कोशिश की। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि घटनास्थल पर बख्तियारपुर थाना में तैनात एक जमादार और दो होमगार्ड भी मौजूद थे। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है और जांच जारी है।
वायरल वीडियो में पीड़ित ने सुनाई आपबीती
घटना के बाद सामने आए वीडियो में चाय विक्रेता ने आरोप लगाया कि मारपीट के दौरान उसके सिर में चोट लगी। उसने कहा कि उसने केवल चाय के पैसे मांगे थे और इसी बात पर उसके साथ कथित तौर पर दुर्व्यवहार किया गया। पीड़ित ने सवाल उठाया कि यदि कोई दुकानदार अपने सामान का भुगतान मांगता है, तो क्या यह गलत है। वीडियो सामने आने के बाद मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है।
पुलिस प्रशासन ने जांच का दिया भरोसा
बख्तियारपुर थाना अध्यक्ष देवानंद शर्मा ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और रिपोर्ट तैयार कर वरिष्ठ अधिकारियों को भेजी जाएगी। वहीं, एसडीपीओ-2 आयुष श्रीवास्तव ने कहा कि सभी तथ्यों की निष्पक्ष जांच कराई जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि जांच में किसी पुलिसकर्मी की भूमिका गलत पाई जाती है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी।