राष्ट्रीय

Mohammed Moquim New Political Party Odisha: कांग्रेस से निकाले गए मोहम्मद मुकीम बनाएंगे अपनी नई पार्टी, क्या हिला पाएंगे सत्ता की कुर्सी…

Mohammed Moquim New Political Party Odisha: ओडिशा की राजनीति में इन दिनों एक बड़े बदलाव की सुगराहट तेज हो गई है। कांग्रेस से निष्कासित कद्दावर नेता मोहम्मद मुकीम ने अब अपनी अलग राह चुनने का फैसला कर लिया है। (Political Crisis in Odisha Congress) के बीच मुकीम ने एलान किया है कि वे राज्य के लोगों को एक मजबूत और नया राजनीतिक विकल्प देने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि ओडिशा की जनता अब पारंपरिक दलों से ऊब चुकी है और एक ऐसे मंच की तलाश में है जो उनकी वास्तविक समस्याओं को समझ सके और युवाओं को नेतृत्व का मौका दे सके।

Mohammed Moquim New Political Party Odisha
WhatsApp Group Join Now

राष्ट्रीय युवा दिवस पर नई पार्टी का बड़ा एलान

मोहम्मद मुकीम ने सोमवार को राष्ट्रीय युवा दिवस के पावन अवसर पर आयोजित एक भव्य कार्यक्रम के दौरान अपनी नई पार्टी के गठन की घोषणा की। उन्होंने युवाओं के जोश को संबोधित करते हुए कहा कि आगामी (New Party Launch Date March) तक वे औपचारिक रूप से अपनी राजनीतिक पार्टी का नाम और एजेंडा सार्वजनिक कर देंगे। मुकीम का मानना है कि युवा शक्ति ही वह चाबी है जो राज्य की किस्मत बदल सकती है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य राज्य भर के युवाओं को एक छत के नीचे लाना और उन्हें राजनीति की मुख्यधारा से जोड़ना था।

विधायक बेटी सोफिया फिरदौस का मिला समर्थन

मुकीम के इस कार्यक्रम में सबसे ज्यादा ध्यान उनकी बेटी और कांग्रेस विधायक सोफिया फिरदौस की मौजूदगी ने खींचा। हालांकि, इस मंच पर कोई अन्य बड़ा दिग्गज चेहरा नजर नहीं आया, लेकिन (Sofia Firdous Support to Moquim) ने कई राजनीतिक अटकलों को जन्म दे दिया है। सोफिया ने अपने पिता के विजन पर भरोसा जताते हुए कहा कि उन्होंने हमेशा अपने लक्ष्य हासिल किए हैं। जब सोफिया से पूछा गया कि क्या यह कदम पार्टी लाइन के खिलाफ है, तो उन्होंने सफाई दी कि वे केवल युवाओं को एकजुट करने के मकसद से वहां शामिल हुई थीं।

कांग्रेस से निष्कासन और नेतृत्व पर उठे सवाल

मोहम्मद मुकीम का कांग्रेस से अलग होने का सफर काफी कड़वाहट भरा रहा है। उन्होंने बीते दिसंबर में सोनिया गांधी को एक पत्र लिखकर ओडिशा कांग्रेस के अध्यक्ष भक्तचरण दास और (Mallikarjun Kharge Leadership Criticism) पर गंभीर सवाल खड़े किए थे। मुकीम का आरोप था कि पार्टी जमीनी स्तर पर कमजोर हो रही है और नेतृत्व सही दिशा में काम नहीं कर रहा। इस पत्र को अनुशासनहीनता मानते हुए कांग्रेस आलाकमान ने उन्हें पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया था, जिसके बाद मुकीम ने अपनी नई सियासी जमीन तैयार करना शुरू किया।

भक्तचरण दास का तीखा पलटवार और तंज

मुकीम के नई पार्टी बनाने के एलान पर कांग्रेस की प्रतिक्रिया काफी हमलावर रही है। प्रदेश अध्यक्ष भक्तचरण दास ने उन पर तंज कसते हुए कहा कि जो लोग ईडी (ED) और आईटी (IT) जैसी केंद्रीय जांच एजेंसियों की कार्रवाई से डरे हुए हैं, वे अक्सर भाजपा को खुश करने के लिए इस तरह के कदम उठाते हैं। दास ने (Political Reactions on Moquim) को स्पष्ट करते हुए कहा कि ऐसे लोगों की कांग्रेस में कोई जगह नहीं है जो व्यक्तिगत हितों के लिए पार्टी के सिद्धांतों के साथ समझौता करते हैं।

कटक के बाहर पहचान पर बीजद ने उठाया सवाल

बीजू जनता दल (BJD) ने भी मोहम्मद मुकीम की इस पहल को हल्के में लिया है। बीजद सांसद देबाशीष समांत्रे ने मुकीम की लोकप्रियता पर सवाल उठाते हुए कहा कि वे केवल कटक तक सीमित नेता हैं। समांत्रे के अनुसार, (Regional Influence of Mohammed Moquim) इतना बड़ा नहीं है कि वे पूरे ओडिशा में किसी बड़े बदलाव का कारण बन सकें। उनके मुताबिक, कटक के बाहर मुकीम को कोई खास पहचान हासिल नहीं है, ऐसे में राज्य स्तर पर नई पार्टी खड़ी करना उनके लिए एक सपना मात्र ही होगा।

भाजपा ने भी मुकीम की कोशिशों को नकारा

सत्ताधारी भाजपा ने भी मोहम्मद मुकीम के इस नए मोर्चे को कोई तवज्जो नहीं दी है। भाजपा नेताओं का तर्क है कि मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की बढ़ती लोकप्रियता के सामने कोई भी नया विकल्प टिक नहीं पाएगा। (BJP Stance on Odisha New Parties) को लेकर पार्टी का कहना है कि प्रदेश की जनता भाजपा के विकास कार्यों से खुश है और मुकीम की नई पार्टी केवल वोटों का बिखराव करने की एक नाकाम कोशिश साबित होगी। भाजपा का मानना है कि राज्य की राजनीति अब द्विध्रुवीय हो चुकी है।

युवाओं के दम पर सत्ता के दबदबे को चुनौती

तमाम आलोचनाओं के बावजूद मोहम्मद मुकीम अपने फैसले पर अडिग हैं। उनका कहना है कि उनकी पार्टी मौजूदा राजनीतिक दलों के दबदबे को खत्म करने का काम करेगी। (Youth Empowerment in Politics) को मुख्य मुद्दा बनाते हुए मुकीम ने दावा किया है कि उनकी पार्टी का ढांचा पूरी तरह से लोकतांत्रिक और पारदर्शी होगा। अब देखना यह होगा कि मार्च में आने वाली यह नई पार्टी ओडिशा के चुनावी समीकरणों को कितना प्रभावित करती है और क्या मुकीम कटक के गढ़ से निकलकर पूरे राज्य में अपनी पैठ बना पाएंगे।

Related Articles

Back to top button

Adblock Detected

Please disable your AdBlocker first, and then you can watch everything easily.