Guruji Student Credit Card Scheme Jharkhand: शिबू सोरेन के जन्मदिन पर हेमंत ने लुटा दिया खजाना, अब हर गरीब का बच्चा बनेगा अफसर
Guruji Student Credit Card Scheme Jharkhand: रांची के होटवार स्थित टाना भगत इनडोर स्टेडियम में सोमवार को एक अलग ही उत्साह देखने को मिला। मौका था झारखंड के जननायक दिशोम गुरु शिबू सोरेन के 82वें जन्मदिवस का, जिसे राज्य सरकार ने युवाओं के सशक्तिकरण के उत्सव के रूप में मनाया। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इस अवसर पर “गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना” के संवाद कार्यक्रम में शिरकत की। (Youth Empowerment Dialogue) के दौरान मुख्यमंत्री का आत्मविश्वास और युवाओं के प्रति उनका प्रेम साफ झलक रहा था। उन्होंने खचाखच भरे स्टेडियम में मौजूद छात्र-छात्राओं को भरोसा दिलाया कि उनकी सरकार हर कदम पर उनके साथ खड़ी है।

मुख्यमंत्री ने युवाओं को दिया दस कदम साथ चलने का भरोसा
मंच से हुंकार भरते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एक बेहद भावुक और प्रेरक बात कही। उन्होंने कहा कि झारखंड के छात्र शिक्षा की राह में केवल एक कदम आगे बढ़ाएं, सरकार उन्हें सहारा देने के लिए दस कदम आगे बढ़कर आएगी। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वह और उनकी पूरी टीम दिशोम गुरु शिबू सोरेन के सिपाही हैं और उनका एकमात्र लक्ष्य राज्य के अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुंचाना है। (Government Student Support) की इस प्रतिबद्धता ने कार्यक्रम में मौजूद हजारों छात्रों के भीतर एक नई उम्मीद जगा दी है।
वीर शहीदों और महापुरुषों की विरासत को नमन
अपने संबोधन में हेमंत सोरेन ने झारखंड के गौरवशाली इतिहास को याद करते हुए युवाओं को उनकी जड़ों से जोड़ा। उन्होंने भगवान बिरसा मुंडा, सिदो-कान्हू और शिबू सोरेन जैसे महान क्रांतिकारियों के संघर्षों का जिक्र किया, जिन्होंने जल-जंगल-जमीन की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। मुख्यमंत्री ने युवाओं से आह्वान किया कि जिस (State Progress Mission) का सपना हमारे पूर्वजों ने देखा था, उसे पूरा करने की जिम्मेदारी अब नई पीढ़ी के कंधों पर है। उन्होंने कहा कि बिना नौजवानों की सक्रिय भागीदारी के झारखंड को देश का अग्रणी राज्य बनाना संभव नहीं है।
झारखंड की अपार संभावनाओं और संसाधनों का जिक्र
मुख्यमंत्री ने राज्य की भौगोलिक और प्राकृतिक संपदा पर चर्चा करते हुए कहा कि हमारा झारखंड किसी भी मामले में पीछे नहीं है। यहाँ खनिज संपदा के साथ-साथ पर्यटन, शिक्षा और खेल के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर चमकने की पूरी क्षमता है। सरकार का मुख्य उद्देश्य इन (Natural Resource Optimization) के साथ-साथ मानव संसाधन को तराशना है। हेमंत सोरेन के अनुसार, उनकी सरकार की नीतियां इस तरह बनाई जा रही हैं कि झारखंड का युवा केवल राज्य में ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी पहचान बना सके।
देश का पहला राज्य जहाँ मिल रहा है इतना सस्ता शिक्षा ऋण
गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की विशिष्टता बताते हुए मुख्यमंत्री ने गर्व के साथ साझा किया कि झारखंड देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है जो महज 4 प्रतिशत साधारण ब्याज पर 15 लाख रुपये तक का शिक्षा ऋण उपलब्ध करा रहा है। इस (Educational Loan Benefits) के जरिए गरीब और मध्यम वर्ग के वे छात्र भी उच्च शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे जो आर्थिक तंगी के कारण पढ़ाई छोड़ देते थे। कार्यक्रम के दौरान सीएम ने स्वयं 55 चयनित लाभार्थियों के बीच लगभग 12 करोड़ रुपये के ऋण स्वीकृति पत्र वितरित किए।
विदेश में पढ़ाई से लेकर रिसर्च स्कॉलर्स तक के लिए खजाना
हेमंत सोरेन ने अपनी सरकार की अन्य महत्वाकांक्षी योजनाओं का भी ब्योरा दिया। उन्होंने बताया कि झारखंड के मेधावी छात्रों के लिए विदेश में उच्च शिक्षा हेतु शत-प्रतिशत छात्रवृत्ति दी जा रही है। इसके अलावा, जिला स्तर पर आधुनिक पुस्तकालयों और उत्कृष्ट विद्यालयों (School of Excellence) की स्थापना की गई है। रिसर्च के क्षेत्र में रुचि रखने वाले युवाओं के लिए “ग्रास रूट इनोवेशन इंटर्नशिप स्कीम” और सीएम फेलोशिप योजना शुरू की गई है, ताकि (Academic Research Grants) के माध्यम से राज्य में नवाचार और शोध को बढ़ावा दिया जा सके।
सपनों को मिले पंख और आर्थिक बोझ से मिली मुक्ति
संवाद कार्यक्रम में शामिल लाभार्थियों ने अपनी सफलता की कहानियां साझा करते हुए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। छात्रों का कहना था कि गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना उनके सपनों के लिए संजीवनी साबित हुई है। अब उन्हें अपनी फीस और रहने-खाने के खर्च के लिए साहूकारों या बैंकों के कठिन नियमों के चक्कर नहीं काटने पड़ते। (Scholarship Beneficiary Impact) की इन बातों को सुनकर मुख्यमंत्री ने युवाओं से आग्रह किया कि वे खुद भी इन योजनाओं का लाभ उठाएं और अपने आसपास के अन्य जरूरतमंद छात्रों को भी इसके बारे में जागरूक करें।



