Newborn Rescue – चमोली में गोशाला के पास मिला नवजात, मुंह में रबड़ मिलने से मचा हड़कंप
Newborn Rescue– उत्तराखंड के चमोली जिले के रांगतोली गांव से सामने आई एक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। Newborn Rescue- एक नवजात शिशु गोशाला के पास लावारिस हालत में मिला, जिसके मुंह में रबड़ फंसी हुई थी। समय रहते स्थानीय लोगों की नजर पड़ने और तत्काल अस्पताल पहुंचाए जाने से उसकी जान बच गई। घटना के बाद गांव में गहरा आक्रोश है और लोग जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

महिला की सतर्कता से बची नवजात की जान
जानकारी के अनुसार, गुरुवार सुबह एक महिला जब गोशाला की ओर जा रही थी, तभी उसकी नजर नवजात पर पड़ी। उसने बिना देर किए ग्राम प्रधान संतोष गुसाईं और ग्राम प्रहरी को सूचना दी। सूचना मिलते ही ग्राम प्रधान मौके पर पहुंचे। उन्होंने देखा कि शिशु के मुंह में बाल बांधने वाला रबड़ फंसा हुआ था। रबड़ हटाने पर पता चला कि नवजात की सांसें चल रही हैं। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
अस्पताल में कराया गया भर्ती
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और नवजात को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी बेहतर देखभाल के लिए बाल कल्याण समिति (सीडब्ल्यूसी) की निगरानी में बेस अस्पताल श्रीकोट रेफर कर दिया। फिलहाल बच्चे का इलाज जारी है और उसकी स्वास्थ्य स्थिति पर चिकित्सकों की लगातार नजर बनी हुई है।
पुलिस ने शुरू की विस्तृत जांच
पुलिस उपाधीक्षक मदन सिंह बिष्ट ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी गई है। नवजात को वहां छोड़ने वाले व्यक्ति या व्यक्तियों की पहचान के लिए आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। इसके अलावा क्षेत्र की आशा कार्यकर्ताओं और स्थानीय निवासियों से भी जानकारी जुटाई जा रही है, ताकि घटना से जुड़े सभी तथ्य सामने आ सकें।
गांव में आक्रोश, दोषियों पर कार्रवाई की मांग
घटना के बाद ग्रामीणों में गहरी नाराजगी है। पूर्व ग्राम प्रधान सुरेंद्र सिंह रावत ने बताया कि इस क्षेत्र में इस तरह की घटना पहली बार सामने आई है। स्थानीय महिलाओं ने भी इसे बेहद अमानवीय बताते हुए दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि किसी भी नवजात को इस तरह असहाय छोड़ना गंभीर अपराध है और जिम्मेदार लोगों को कानून के अनुसार सजा मिलनी चाहिए।