ByElectionResults – सात सीटों के उपचुनाव में कड़ी टक्कर, कई जगहों पर बढ़त स्पष्ट
ByElectionResults – देश के अलग-अलग हिस्सों में हुए सात विधानसभा सीटों के उपचुनावों की मतगणना के बीच शुरुआती रुझान सामने आ चुके हैं। इन रुझानों में कई राज्यों में प्रमुख राजनीतिक दलों के बीच सीधी और कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिल रही है। कुछ सीटों पर बढ़त साफ नजर आ रही है, जबकि कुछ स्थानों पर मुकाबला अब भी बेहद करीबी बना हुआ है। चुनावी तस्वीर धीरे-धीरे स्पष्ट हो रही है और राजनीतिक दलों की नजर अंतिम नतीजों पर टिकी हुई है।

गुजरात और कर्नाटक में अलग-अलग दलों को बढ़त
गुजरात की उमरेठ विधानसभा सीट पर भाजपा उम्मीदवार हर्षदभाई गोविंदभाई परमार बढ़त बनाए हुए हैं। यह सीट पहले उनके पिता और वरिष्ठ नेता गोविंद परमार के पास थी, जिनके निधन के बाद उपचुनाव हुआ। वहीं कर्नाटक में कांग्रेस को बढ़त मिलती दिखाई दे रही है। बागलकोट सीट पर कांग्रेस के उमेश हुल्लप्पा मेती आगे चल रहे हैं, जबकि दावणगेरे दक्षिण सीट पर भी कांग्रेस के समार्थ शमनूर मल्लिकार्जुन बढ़त बनाए हुए हैं। इन रुझानों से राज्य में कांग्रेस की स्थिति मजबूत होती नजर आ रही है।
महाराष्ट्र में बारामती और राहुरी सीटों पर नजरें
महाराष्ट्र की बारामती सीट पर एनसीपी की सुनेत्रा अजित पवार ने बड़ी बढ़त हासिल कर ली है और वे करीब 78 हजार से अधिक वोटों से आगे चल रही हैं। यह सीट पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के बाद खाली हुई थी, जिसके बाद उनकी पत्नी पहली बार चुनाव मैदान में उतरी हैं। बारामती में कुल 23 उम्मीदवार मैदान में थे, लेकिन प्रमुख दलों ने उनके खिलाफ मजबूत चुनौती नहीं दी। वहीं राहुरी सीट पर भाजपा के अक्षय शिवाजीराव कर्डिले बढ़त में हैं। इस सीट पर मुकाबला भाजपा, एनसीपी (शरद पवार गुट) और अन्य दलों के बीच बना हुआ है।
नागालैंड और त्रिपुरा में भाजपा की जीत दर्ज
मतगणना के बीच दो सीटों पर अंतिम परिणाम भी घोषित हो चुके हैं। नागालैंड की कोरिडांग सीट पर भाजपा उम्मीदवार दाओचियर इमचेन ने 3123 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की है। वहीं त्रिपुरा की धर्मनगर सीट पर भाजपा के जहर चक्रवर्ती ने 18290 वोटों से विजय हासिल की। इन दोनों राज्यों में भाजपा की जीत से पार्टी को पूर्वोत्तर क्षेत्र में मजबूती मिलती दिख रही है।
मतदान प्रतिशत और स्थानीय समीकरणों का असर
महाराष्ट्र की दोनों सीटों पर मतदान प्रतिशत मध्यम स्तर का रहा, जिससे नतीजों को लेकर उत्सुकता बनी हुई है। बारामती में 58.27 प्रतिशत मतदान हुआ, जबकि राहुरी में 56.20 प्रतिशत मतदाताओं ने वोट डाले। इन सीटों पर स्थानीय समीकरण, परिवारिक विरासत और उम्मीदवारों की व्यक्तिगत छवि ने भी अहम भूमिका निभाई है। विशेष रूप से बारामती में पवार परिवार की पकड़ और सहानुभूति कारक को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
उमरेठ सीट पर सीधा मुकाबला
गुजरात की उमरेठ सीट पर भाजपा और कांग्रेस के बीच सीधी टक्कर देखने को मिल रही है। यहां कुल छह उम्मीदवार मैदान में थे और 59.04 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। भाजपा के हर्षद परमार जहां अपने पिता की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं, वहीं कांग्रेस के भृगुराजसिंह चौहान अपने लंबे राजनीतिक अनुभव के आधार पर मुकाबले में हैं। यह सीट राज्य की राजनीति में अहम मानी जा रही है और इसके नतीजे पर सभी की नजर बनी हुई है।
अंतिम नतीजों का इंतजार जारी
अब तक सामने आए रुझानों ने चुनावी मुकाबले को रोचक बना दिया है। कुछ सीटों पर परिणाम स्पष्ट होते दिख रहे हैं, जबकि कुछ पर अभी भी स्थिति बदल सकती है। सभी दल अंतिम नतीजों का इंतजार कर रहे हैं, जो इन उपचुनावों के राजनीतिक प्रभाव को तय करेंगे।