NariShaktiBill – लखनऊ में कांग्रेस ने महिला आरक्षण पर सरकार को घेरा
NariShaktiBill – राजधानी लखनऊ में मंगलवार को कांग्रेस ने महिला आरक्षण से जुड़े मुद्दे पर केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। पार्टी नेताओं ने ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ को लेकर भाजपा की मंशा पर संदेह जताते हुए कहा कि इस विषय पर स्पष्टता की कमी दिखाई देती है। कांग्रेस की ओर से आयोजित कार्यक्रम में नेताओं ने आरोप लगाया कि महिलाओं के अधिकारों को लेकर गंभीर पहल के बजाय राजनीतिक लाभ को प्राथमिकता दी जा रही है।

प्रणीति शिंदे ने उठाए सरकार की नीयत पर सवाल
कांग्रेस सांसद प्रणीति शिंदे ने कहा कि महिला आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषय पर सरकार का रुख साफ नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मुद्दे का इस्तेमाल केवल राजनीतिक उद्देश्य से किया जा रहा है। उनके अनुसार, कांग्रेस ने इस पहल के पीछे छिपे पहलुओं को सामने लाने का प्रयास किया है, जिससे जनता को वास्तविक स्थिति समझ में आ सके। उन्होंने यह भी कहा कि महिला सशक्तिकरण के नाम पर जल्दबाजी में लिए गए फैसले सही दिशा नहीं दिखाते।
कांग्रेस ने अपने पुराने योगदान का किया उल्लेख
प्रणीति शिंदे ने यह भी कहा कि कांग्रेस का इतिहास महिलाओं के अधिकारों के समर्थन से जुड़ा रहा है। उन्होंने याद दिलाया कि स्थानीय निकायों में महिलाओं को आरक्षण देने की शुरुआत कांग्रेस सरकार के समय हुई थी। उनके मुताबिक, यह कदम महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण बदलाव था, जिसे बाद में व्यापक स्तर पर स्वीकार किया गया।
सार्वजनिक चर्चा की मांग
कांग्रेस नेताओं ने इस मुद्दे पर खुली चर्चा की आवश्यकता पर जोर दिया। उनका कहना था कि महिला आरक्षण जैसे विषय पर व्यापक संवाद होना चाहिए, ताकि सभी पक्षों को समझा जा सके। पार्टी का मानना है कि इस विषय को केवल राजनीतिक दृष्टिकोण से नहीं, बल्कि सामाजिक और संवैधानिक पहलुओं से भी देखा जाना चाहिए।
उत्तर प्रदेश में प्रस्ताव लाने की चुनौती
कार्यक्रम में मौजूद कांग्रेस नेता आराधना मिश्रा मोना ने उत्तर प्रदेश सरकार को चुनौती देते हुए कहा कि यदि इस मुद्दे पर गंभीरता है, तो राज्य विधानसभा में 33 प्रतिशत महिला आरक्षण का प्रस्ताव पारित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव से पहले इस दिशा में कदम उठाना सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाएगा। कांग्रेस ने ऐसे किसी प्रस्ताव को समर्थन देने की बात भी कही।
राजनीतिक माहौल में बढ़ी चर्चा
महिला आरक्षण को लेकर हाल के दिनों में राजनीतिक हलकों में बहस तेज हो गई है। विभिन्न दल अपने-अपने दृष्टिकोण से इस मुद्दे को उठा रहे हैं। लखनऊ में हुई यह प्रेस वार्ता भी इसी बहस का हिस्सा मानी जा रही है, जहां कांग्रेस ने सरकार से स्पष्ट रुख अपनाने की मांग की है।