Tuesday , July 17 2018
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रोज बदल रहा है प्लेऑफ में पहुंचने का हिसाब

ईपीएल के सीजन 11 में आठ टीमों के बीच प्लेऑफ के लिए जंग अब तेज होती जा रही है हर मैच के साथ आईपीएल की अंक तालिका में टीमें ऊपर नीचे हो रहीं हैं अब तक सभी टीमों के 12 मैच हो चुके हैं  अब तक केवल दो ही टीमें प्लेऑफ में स्थान बनाने में सफल हो पाईं हैंहैदराबाद 18 अंकों के साथ टॉप पर हैं  चेन्नई 16 अंकों के साथ दूसरे जगह पर है   अभी केवल दिल्ली ही ऐसी टीम है जो इस वर्ष की आईपीएल के प्लेऑफ की दौड़ से पूरी तरह से बाहर हो चुकी है

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इस तीन टीमों के अतिरिक्त पांच टीमें ऐसी हैं जो प्लेऑफ की दौड़ में बनी हैं  अब अगर मगर के गणित में उलझ गईं हैं   उनके इस खेल में बाकी तीन टीमों की भी अहम किरदार है इसमें चेन्नई अपने दोनों मैच जीतकर अंक तालिका में टॉप पर बने रहना चाहती है जिससे उसे फाइनल में पहुंचने के लिए दो मौके मिल सकें

उल्लेखनीय है कि अंक तालिका में पहुंचने वाली टॉप दो टीमें क्वालिफायर 1 खेलेंगी जिसमें हारने वाली टीम को एक  मौका मिलेगा यह टीम अंक तालिका में तीसरी  चौथे नंबर की टीम के बीच हुए एलिमिनेटर मैच के विजेता से होगा जिसे क्वालिफायर 2 मैच बोला जाएगा क्वालिफायर 2 का विजेता फाइनल में पहुंचेगा वहीं क्वालिफायर 1 का विजेता को सीधे फाइनल में प्रवेश मिलेगा

अभी की बात करें तो पांच टीमों में से तीन कोलकाता, राजस्थान  पंजाब तीसरे चौथे  पांचवे जगह पर हैं तीनों के 12 अंक हैं  उनकी रैंकिंग अभी रन रेट के आधार पर हैं इस के बाद मुंबई  बेंगलुरु का नंबर है जिनके 10-10 अंक हैं इसमें मुंबई का रन रेट +0.405 है जो बाकी सारी टीमों से भी ज्यादा है लेकिन मुंबई के केवल 10 अंक होने की वजह से उसका रन रेट बाकी सभी टीमों से बहुत ज्यादा ज्यादा है

काफी कुछ तय कर सकता है कोलकाता राजस्थान का मैच
मंगलवार को होने वाले कोलकाता  राजस्थान के बीच होने वाला मैच भी बहुत ज्यादा कुछ तय कर देगालेकिन प्लेऑफ का गणित अभी उलझे ही रहने की आसार ज्यादा है आज जो टीम जीतेगी वह तो दौड़ में बनी रहेगी लेकिन इस जीत से ही उसके प्लेऑफ में पहुंचने की गारंटी नहीं हो सकेगी क्योंकि बहुत कुछ उसके अंतिम मैच  बाकी टीमों के हाल पर भी निर्भर होगा वहीं  हारने वाली टीम मुंबई  बेंगलुरु की श्रेणी में चली जाएगी यानि उसके ज्यादा से ज्यादा 14 अंक हो सकेंगे ऐसे में उसे चौथे जगह के लिए अपना आखिरी मैच जीतने के साथ दूसरी टीमों पर ज्यादा निर्भर रहना होगा

अगर मंगलवार को राजस्थान हारती है, तो उसे बेंगलुरु के विरूद्ध 19 मई को होने वाले मैच में जीतना ही होगा वहीं अगर यह मैच कोलकाता हारती है तो उसके सामने हैदराबाद को हर हाल में हराने की मुश्किलचुनौती होगी

मुंबई हो सकती सबसे के लिए बड़ी चुनौती
लेकिन जो भी हो मुंबई के अतिरिक्त बाकी हर टीम चाह रही होगी कि मुंबई कम से कम कोई एक मैच तो पराजय ही जाए जिससे उन्हें मुंबई के ज्यादा वाले नेट रन रेट से मुकाबला करने की नौबत न आए   जबकि मुंबई के लिए दो मैच जितना उतना कठिन भरा नहीं होने वाला हैं उसका एक मैच पंजाब से है  दूसरा मैच दिल्ली से है

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